तापमान को लेकर परेशानियां कम होती नजर नहीं आ रही हैं। बुधवार को अधिकतम तापमान एक डिग्री सेल्सियस और बढ़ गया जो गेहूं की फसल के लिए इस समय चिंताजनक है। बुधवार को अधिकतम तापमान 22.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
विदित रहे कि इस बार दिसंबर और जनवरी में जरूरत के हिसाब से ठंड नहीं हो रही है। इसका खामियाजा गेहूं के उत्पादन में भुगतना पड़ सकता है। इस बार तापमान सामान्य से ज्यादा चल रहा है। मंगलवार को अधिकतम तापमान 21.4 डिग्री सेल्सियस था। जो बुधवार को बढ़कर 22.6 सेल्सियस हो गया।
विशेषज्ञों के अनुसार इस समय अधिकतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस से अधिक नहीं होना चाहिए। वहीं पिछले सालों में न्यूनतम तापमान जहां 1 या 2 डिग्री सेल्सियस होता था, वह इस बार 5 डिग्री सेल्सियस से ऊपर चल रहा है। बुधवार का न्यूनतम तापमान 6.5 डिग्री सेल्सियस रहा।
मौसम वैज्ञानिक डॉ. चंद्रशेखर डागर का कहना है कि मौसम की जो स्थिति चल रही है। वह गेहूं की फसल के लिए चिंताजनक है। इस मौसम का उत्पादन पर असर हो सकता है। वीरवार रात को और शुक्रवार दिन में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है।
इससे शायद तापमान में कुछ कमी आए। इसके बाद 11 जनवरी को हल्की बरसात की उम्मीद है। इस समय सामान्य तापमान के तौर पर अधिकतम 18 डिग्री सेल्सियस से अधिक नहीं होना चाहिए। लेकिन मंगलवार के मुकाबले यह 1 डिग्री सेल्सियस ओर बढ़ गया है। मंगलवार को अधिकतम तापमान 21.4 डिग्री सेल्सियस था। जो बुधवार को 22.6 डिग्री सेल्सियस रहा। जो मौसम में परिवर्तन का सूचक है।