संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। मुंबई में हुए बाबा सिद्दीकी हत्याकांड मामले में जीशान अख्तर के अन्य युवाओं से संपर्क होने के शक पर मुंबई सीबीआई की दो टीमें जांच के लिए कैथल पहुंची हैं। दोनों टीमें नरड़ गांव सहित जिले में अन्य कई जगहों पर जानकारी जुटा रही हैं। इन टीमों में 15 से अधिक सदस्य कैथल में जांच के लिए आए हैं। इसमें एक डीएसपी व दो इंस्पेक्टर रैंक के अधिकारी भी शामिल हैं।
पुलिस के अनुसार अभी तक करीब आधा दर्जन से अधिक युवाओं से पूछताछ की जा चुकी है। इसमें दो युवक आरोप गुरमेल के गांव से ही हैं जबकि कुछ युवक शहर के निवासी हैं। टीमें इनसे गुरमेल और जीशान अख्तर के युवाओं के संपर्क लेकर जानकारी जुटा रही है, ताकि फरार चल रहे आरोपी जीशान को जल्द पकड़ा जा सके। ऐसे में अभी तक मुंबई पुलिस ने पांच युवकों को हिरासत में लिया है। हालांकि सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस ने आठ आरोपियों को हिरासत में लिया है।
स्लीपर सेल बनाने का था लक्ष्य ः पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार आरोपी जीशान अख्तर का गैंगस्टरों के लिए स्लीपर सेल बनाने के लिए कैथल के युवाओं को शामिल करने का लक्ष्य था। इसलिए वह अक्सर यहां आता जाता रहता था।
सूत्रों के मुताबिक, बताया जाता है कि उसके संपर्क में एक दर्जन से अधिक युवा थे। इनमें ज्यादातर ऐसे युवा शामिल हैं, जिनका आपराधिक रिकॉर्ड है। जीशान अख्तर पर पंजाब में काफी केस दर्ज हैं। पंजाब पुलिस भी इसकी तलाश कर रही थी, जिससे बचने के लिए वह कैथल में शरण लेता था।
गौरतलब है कि नरड़ निवासी 23 वर्षीय गुरमेल भी बाबा सिद्दकी हत्याकांड मामले में मुख्य आरोपियों में शामिल है। यह जानकारी मिलने के बाद कैथल का नाम लगातार खबरों की सुर्खियां बन रहा है।
बाबा सिद्दीकी हत्याकांड मामले में मुंबई क्राइम ब्रांच के करीब 20 अधिकारी कैथल पहुंचे हैं। टीम में शामिल सदस्यों ने आरोपी गुरमेल के गांव नरड़ से युवाओं को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। बाबा सिद्दीकी की हत्या से पहले जीशान अख्तर गुरमेल के गांव में आया था। इसके साथ ही कैथल से अन्य चार से पांच लोगों के भी नाम सामने आए हैं। यह नाम मुंबई पुलिस की जांच में सामने आए हैं। गुरमेल ने पूछताछ के दौरान कुछ लोगों के नाम बताए थे। अभी तक कितने युवाओं का संपर्क जीशान अख्तर से है। यह जांच का विषय है। इसके बाद ही मुंबई पुलिस की टीम कैथल में जांच के लिए पहुंची है। कैथल की पुलिस की ओर से मुंबई पुलिस को पूरा सहयोग किया जा रहा है। - राजेश कालिया, एसपी, कैथल।