संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। नगर परिषद की ओर से स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत और नई लाइटें लगाने के लिए निविदा सूचना जारी किए जाने के बावजूद शहर के कई प्रमुख मार्गों पर अंधेरा पसरा हुआ है। कुछ कॉलोनियों में खंभे तो लगे हुए हैं, लेकिन उन पर लाइटें ही नहीं लगीं। वहीं, जिन खंभों पर लाइटें लगी हैं, वे भी अधिकतर खराब पड़ी हैं।
शहर में सबसे ज्यादा समस्या विश्वकर्मा चौक से भगवान परशुराम चौक तक के दो किलोमीटर लंबे मार्ग पर देखने को मिल रही है। यहां 150 से अधिक स्ट्रीट लाइटें खराब हो चुकी हैं। हालांकि सभी लाइटें बंद नहीं हैं। लोगों का कहना है कि कई खंभों पर दोनों तरफ लगी लाइटों में से एक तरफ की लाइटें पिछले लंबे समय से बंद हैं।
सबसे दयनीय स्थिति भगवान परशुराम चौक से चीका रोड की ओर अर्जन नगर कॉलोनी से लेकर पट्टी अफगान तक है। यहां धूप ढलते ही घना अंधेरा छा जाता है। विश्वकर्मा चौक से पटियाला रोड तक करीब 150 स्ट्रीट लाइटें बंद हैं। इसके अलावा भगवान परशुराम चौक से खनौरी रोड तक भी लगभग 50 लाइटें खराब पड़ी हैं। नई अनाज मंडी से राम नगर की सड़क, रेलवे अंडरपास में खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटों के कारण रात के समय लोगों को काफी दिक्कत आती है।
वार्ड नंबर 28 के पार्षद मोहन लाल शर्मा ने बताया कि भगवान परशुराम चौक से खनौरी रोड तक डिवाइडर तो नहीं है, लेकिन नगर परिषद ने यहां एक तरफ लाइटें लगवाई थीं। यह रास्ता संकरा और घुमावदार है तथा तीन-चार मोड़ आते हैं। रात के समय लाइटें बंद रहने से वाहन चालकों को बड़ी दिक्कत होती है।
करीब डेढ़ माह पहले पूरे शहर में 7,700 स्ट्रीट लाइटें लगाने और पुरानी खराब लाइटों को बदलने के लिए निविदा जारी की गई थी। इसके तहत खराब लाइटों को बदला जा रहा है और जहां लाइटें नहीं हैं, वहां नई लाइटें लगाई जा रही हैं।
सुरभि गर्ग, अध्यक्ष-नगर परिषद