फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kaithal News: विधायक ने सफाई व्यवस्था पर उठाए सवाल

Sat, 19 Jul 2025 12:13 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

कैथल। स्वच्छ भारत मिशन के तहत जारी हालिया स्वच्छता सर्वेक्षण रैंकिंग में कैथल नगर परिषद का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा है। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कैथल विधायक आदित्य सुरजेवाला ने भाजपा सरकार और नगर परिषद पर सीधा हमला बोला। उन्होंने कहा कि स्वच्छता में कैथल को 61वां स्थान मिलना भाजपा के शासनकाल में किए गए बड़े-बड़े दावों की पोल खोलता है।

उन्होंने कहा कि यह रैंकिंग न केवल शर्मनाक है, बल्कि यह भाजपा सरकार की स्वच्छता और पर्यावरण के प्रति उदासीनता को भी उजागर करती है। गारबेज फ्री सिटी रैंकिंग में कैथल को कोई अंक नहीं मिलना दर्शाता है कि नगर परिषद और प्रशासन इस दिशा में पूरी तरह विफल रहे हैं।
विज्ञापन


आदित्य सुरजेवाला ने कहा कि कैथल की सड़कों, गलियों और सार्वजनिक स्थानों की स्थिति दिन-ब-दिन बदतर होती जा रही है। नगर परिषद द्वारा न तो कचरे के निस्तारण के लिए कोई स्थायी व्यवस्था है और न ही सफाई पर कोई प्रभावी कार्रवाई हो रही है। परिणामस्वरूप, शहरवासियों को गंदगी और बीमारियों का सामना करना पड़ रहा है।

विधायक सुरजेवाला ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि कैथल की जनता और सामाजिक संगठन नगर परिषद से नाराज़ हैं और अब ठोस कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। उन्होंने मांग की कि कचरा प्रबंधन के लिए प्रभावी योजना लागू की जाए। नालियों और सड़कों की नियमित सफाई सुनिश्चित हो। इसी प्रकार स्वच्छता के लिए जन-जागरूकता अभियान चलाए जाएं। प्रदूषण नियंत्रण को लेकर सख्त कदम उठाए जाएं।
विज्ञापन


इसके अलावा उन्होंने कांग्रेस शासन के दौरान कैथल को सुंदर और स्वच्छ बनाने के दावों की बात भी कही। कहा कि तब प्रयास हुआ था, उसी तरह फिर से ठोस इच्छाशक्ति और योजना की जरूरत है।
क्या कहा विधायक ने

n
23 करोड़ रुपये वार्षिक खर्च के बावजूद शहर की सफाई व्यवस्था सिर्फ दिखावा बनकर रह गई है।

n
प्री-फेब्रिकेटिड शौचालय वर्षों से जर्जर, देखरेख के लिए कोई टेंडर नहीं, सफाई शून्य।

n
डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण में गीला-सूखा कचरा अलग नहीं किया जा रहा।

n
कचरा वाहनों में दो भाग नहीं, जिससे छंटनी व निपटान प्रभावी नहीं हो पा रहा।

n
कांग्रेस शासन में बने एसटीपी (सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट) का कोई नियमित उपयोग नहीं।

n
कचरा निस्तारण और रिसाइक्लिंग की कोई व्यवस्था नहीं, सड़कों पर फैला रहता है कचरा।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें