संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। परिवहन, ऊर्जा एवं श्रम मंत्री अनिल विज शुक्रवार को आरकेएसडी कॉलेज के हाल में जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक में समस्याएं सुनने के लिए पहुंचे। इस मौके पर बैठक में कुल 13 मामले रखे गए, जिनमें पांच पुराने व आठ नए मामलों पर सुनवाई की गई। इस बैठक में मंत्री एक्शन में दिखे और शिकायताें का समय पर निवारण न होने पर अधिकारियों को फटकार लगाई। बैठक के दौरान मंत्री एक्शन में दिखे और उन्होंने संबंधित अधिकारियों को लोगों की समस्याओं का जल्द समाधान करने के निर्देश दिए।
विज ने कहा कि अधिकारी शिकायतों पर सुनवाई में तेजी लाएं और समय पर कार्रवाई करके उन्हें राहत पहुंचाएं। कोई भी शिकायत लंबे समय तक लंबित न रहे। सरकार के लिए जनता के हित सर्वोपरि हैं। सभी को मूलभूत सेवाएं प्रदान करना सरकार व प्रशासन का दायित्व है।
पुराने मामलों के तहत पहली शिकायत बलराज नगर निवासी चतरा सिंह की जमीनी विवाद की थी। इसमें पुलिस ने एफआईआर दर्ज करके आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इस शिकायत का मौके पर ही निपटारा कर दिया।
दूसरी शिकायत रोहेड़ा निवासी भीम सिंह की थी कि उसके घर से 12 अगस्त 2024 को गहने व नकदी चोरी हो गई थी। पुलिस ने इस मामले में एसआईटी गठित करते हुए दो आरोपियों की गिरफ्तार कर लिया, जिस पर शिकायतकर्ता ने पुलिस का धन्यवाद किया।
एक महिला ने पिछली बैठक में अपनी नाबालिग बेटी के साथ दुराचार की शिकायत दी थी। मंत्री ने आरोपी को गिरफ्तार करने के आदेश दिए थे। पुलिस ने बताया कि आरोपी दबोच लिया गया है।
सीवन निवासी मुकेश कुमार की गली निर्माण के दौरान घर में आई दरारों पर मुआवजे की मांग के मामले में मंत्री ने एसडीएम कैथल की अगुवाई में कमेटी का गठन कर कार्रवाई के आदेश दिए थे। इस पर एसडीएम कैथल अजय सिंह ने बताया कि जांच में सरपंच, पंचायत में ग्राम सचिव, पंचायत राज विभाग से जेई की लापरवाही मिली है। इस पर मंत्री ने सरपंच के खिलाफ डीसी कैथल को कार्रवाई के आदेश जारी किए। वहीं, जेई व ग्राम सचिव के खिलाफ चार्जशीट करने के आदेश जारी किए। साथ ही पीड़ित के मकान नुकसान का आकलन कुरुक्षेत्र इंजीनियरिंग कॉलेज की टीम से करवाए जाने के आदेश भी जारी किए।
गांव धर्मपुरा में सबमर्सिबल बोर व पाइप लाइन बिछाने की मांग पर जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि वहां काम पूरा हो गया है। एक अन्य पुरानी शिकायत पर मंत्री ने ग्योंग ड्रेन में दूषित पानी डाले जाने पर तीन विभागों पर एफआईआर के आदेश पर जवाब मांगा। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों ने बताया कि तीनों विभागों ने जुर्माना जमा करवा दिया है।
नई शिकायतों में गांव किठाना निवासी पवन कुमार ने शिकायत में कहा कि 16 सितंबर 2024 को स्कूल बस से उतरने के बाद हादसे में बेटे की मौत हो गई थी। उसने स्कूल प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। इस पर मंत्री ने स्कूल प्रबंधन के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने के साथ-साथ जांच में लापरवाही बरतने पर एएसआई सुखदेव को निलंबित करने के आदेश जारी किए।
पाड़ला निवासी नरेश कुमार ने शिकायत दी थी कि को-ओप्रेटिव सोसाइटी पाड़ला में 10 कर्मचारी नियमों का उल्लंघन कर भर्ती किए हैं। एसडीएम कैथल अजय कुमार ने बताया कि मामले में न्यायालय में सुनवाई चल रही है। मंत्री ने जिला न्यायवादी (डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी) से उचित परामर्श लेकर आवश्यक कार्रवाई करने के आदेश जारी किए।
सजूमा निवासी प्रदीप कुमार व अन्य ने शिकायत दी थी कि गांव में अनुसूचित जाति की बस्ती में गली के बीच में वाल्व के कारण दूषित पेयजल आपूर्ति की समस्या है। मंत्री ने जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को पेयजल आपूर्ति को ठीक करने सहित खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए कि गली के दोनों ओर के घरों से पेयजल के सैंपल लेकर जांच करवाएं।
अमरगढ़ गामड़ी निवासी अशोक कुमार ने शिकायत में इंडियन बैंक कैथल से खरीदी गई अधिकृत कालोनी की प्रॉपर्टी को अब अनाधिकृत बताकर रजिस्ट्री नहीं करवाई जा रही है। उसने जमीन की रजिस्ट्री करवाए जाने की मांग की। इस पर मंत्री अनिल विज ने एसडीएम कैथल की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन कर जांच के आदेश जारी किए।
कुरुक्षेत्र निवासी ईश्म सिंह ने शिकायत दी थी कि हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण में उसके दो प्लॉट निकले हैं। एक को अधिकारियों ने उसे एफआईआर का डर दिखाकर सरेंडर करवा दिया। जबकि इसकी पूर्ण राशि एचएसवीपी कार्यालय में जमा है। मंत्री ने एचएसवीपी के प्रशासक चंद्रशेखर खरे को फोन कर मामले की जांच करने नियमानुसार सख्त से सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
अगली शिकायत में गांव बाबा लदाना निवासी राजेश कुमार ने उसकी जमीन में लगे ट्रांसफार्मर को हटवाने के लिए निगम ने 86 हजार रुपये जमा करवाने व प्राइवेट लोगों से ट्रांसफार्मर हटवाने की बात कही। एक्सईएन ने बताया कि राशि जमा करानी होगी। डीसी कैथल को निर्देश दिए कि अब तक निजी प्रॉपर्टी से ट्रांसफार्मर हटाने के मामलों में जांच करें कि कितने मामलों में नियमानुसार राशि जमा करवाई गई है।
खरौदी निवासी रामप्रताप ने मंत्री को दी शिकायत में कहा कि गांव में अनुसूचित जाति की चौपाल बनाए जाने का टेंडर छोड़ा गया था। निर्माण एजेंसी ने अभी तक काम पूरा नहीं किया है। मंत्री द्वारा पूछने पर पंचायती राज के एक्सईएन ने बताया कि चौपाल पर लेंटर लगा दिया गया है और फरवरी माह तक काम पूरा हो जाएगा। आखिरी शिकायत में सौंगल निवासी जसबीर सिंह ने बताया कि वे हैफेड में सिक्योरिटी गार्ड के पद पर कार्यरत थे। मानदेय नहीं दिया गया है। इस पर मंत्री ने डीएम हैफेड से जवाब मांगा। साथ ही श्रम विभाग को निर्देश दिए कि मामले की जांच कर पात्र पाए जाने पर मानदेय दिलवाया जाए।
-फोटो 58 : कार्यक्रम का शुभारंभ करते मुख्यातिथि डॉ. राजेश कुमार व साथ मौजूद प्राचार्य। स्रोत कॉ