संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। सैर गांव निवासी गजन सिंह के बैंक खाते से साइबर ठगों ने नेट बैंकिंग के जरिए 4 लाख 37 हजार रुपये निकाल लिए। ठगों ने खाते में जमा एफडी भी तोड़ दी, लेकिन उसकी रकम निकालने में सफल नहीं हो सके। बैंक से फोन आने पर पीड़ित को खाते से रकम निकलने का पता चला। इसके बाद उसने साइबर थाना पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने अज्ञात ठगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
गांव सैर निवासी गजन सिंह ने साइबर थाना में दी शिकायत में बताया कि वह खेती करता है। उसका कांगथली स्थित एक्सिस बैंक में खाता है, जिसमें यूपीआई सेवा शुरू नहीं थी। इसे सुचारु करवाने के लिए वह 7 जुलाई को बैंक की शाखा में गया था। शिकायत के अनुसार, बैंक कर्मचारियों ने उसका मोबाइल लेकर उसमें गूगल पे यूपीआई शुरू की और उसकी ईमेल आईडी भी खाते से जोड़ दी।
शिकायतकर्ता के अनुसार, साइबर ठगों ने उसकी एफडी भी तोड़ दी थी। एफडी की रकम उसके खाते में आ गई थी, लेकिन ठग उसे निकालने में सफल नहीं हो सके। बैंक में जांच के दौरान पता चला कि ईमेल आईडी को कथित तौर पर अवैध तरीके से लॉगिन कर नेट बैंकिंग एक्टिवेट की गई और इसके बाद 4 लाख 37 हजार रुपये बैंक ऑफ महाराष्ट्र के एक खाते में ट्रांसफर किए गए। पीड़ित ने पुलिस से अज्ञात साइबर ठगों के खिलाफ कार्रवाई करने और उसकी रकम वापस दिलाने की मांग की है। साइबर थाना प्रभारी रवि कुमार ने बताया कि इस संबंध में पुलिस को शिकायत मिली है। अज्ञात ठगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है।
बैंक से फोन आने पर चला ठगी का पता
गजन सिंह ने बताया कि 22 जुलाई को उसके पास बैंक से फोन आया। बैंक कर्मचारी ने पूछा कि क्या उसके खाते से 4 लाख 37 हजार रुपये निकाले गए हैं। यह सुनकर वह घबरा गया। इसके बाद वह बैंक पहुंचा और खाते की जानकारी ली। जांच करने पर पता चला कि अज्ञात व्यक्ति ने उसके खाते से रकम निकाल ली थी।