संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। हरियाणा गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एचएसजीएमसी) के प्रधान जगदीश सिंह झींडा ने कहा है कि कमेटी ने राज्यभर में स्थित अपनी सभी प्रॉपर्टियों का निरीक्षण करने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही गुरुद्वारों में रखी गुल्लकों (दान पात्रों) की निगरानी और प्रबंधन के लिए संबंधित जिम्मेदारियों का भी आवंटन कर दिया है।
प्रधान बनने के बाद झींडा सोमवार को पहली बार कैथल पहुंचे और डोगरा गेट स्थित नीम साहिब गुरुद्वारा में कमेटी सदस्यों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने गुरुद्वारा परिसरों में मौजूद वाणिज्यिक (कॉमर्शियल) स्थलों पर निर्माण कार्य की संभावनाओं पर चर्चा की और खेती योग्य भूमि के सदुपयोग को लेकर निरीक्षण की योजना पर भी विचार किया।
झींडा ने कहा कि श्रद्धालुओं की आवश्यकताओं के अनुरूप सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी, और जिले के प्रबंधक कमेटी सदस्यों की मांगों को प्राथमिकता से पूरा किया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कैथल में भी एक बड़ा प्रोजेक्ट शुरू किया जाएगा, जिसके लिए संगत से विचार-विमर्श के बाद अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
कमेटी प्रमुख ने बताया कि प्रदेश के प्रत्येक जिले में गुरुद्वारा कमेटी की जमीन पर एक-एक बड़े प्रोजेक्ट के निर्माण की योजना है। ये प्रोजेक्ट राज्य सरकार अथवा राष्ट्रीय स्तर के हो सकते हैं, और कमेटी इसके लिए सरकार से आवश्यक मंजूरी और समर्थन की मांग करेगी।
इस अवसर पर गुरविंद्र सिंह, अंग्रेजी सिंह गुराया, मेजर सिंह गुहला, बलदेव सिंह खालसा, साहब सिंह, तेजेंद्र सिंह
शाहपुर सहित कई अन्य सदस्य उपस्थित रहे।