फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kaithal News: भंग करवाना चाहते हैं सीवन नगर पालिका का दर्जा

Thu, 19 Sep 2024 05:26 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
विज्ञापन
विज्ञापन
अमित तनेजा
विज्ञापन

सीवन। विधानसभा चुनाव में सीवन के कई मुद्दे ऐसे हैं, जिन्हें लेकर जनता मांग कर रही है। उनमें सबसे मुख्य मुद्दा सीवन की नगरपालिका का दर्जा भंग करवाने की मांग है। दरअसल, स्थानीय लोगों का मानना है कि नगरपालिका का दर्जा मिलने के बाद से उनकी समस्याएं बढ़ गई हैं।

गौरतलब है कि जब से सीवन में नगरपालिका बनी है, तब से नगरपालिका का विरोध हो रहा है। सीवन नगरपालिका भंग करवाने के लिए नगर निवासियों ने ज्ञापन सौंपे, धरने दिए, प्रदर्शन किया, रोष मार्च निकाला परंतु अभी तक किसी भी पार्टी के नेता ने आंदोलन में पहुंच कर सहयोग नहीं किया।
विज्ञापन


नाराज अधिकतर नगर निवासी नगरपालिका नहीं चाहते हैं और एक बार फिर से पंचायती राज लागू करवाना चाहते हैं। सीवन के पूर्व सरपंच प्रतिनिधि अमरेंद्र खारा, सुरेश वधवा और सुरेंद्र

नागपाल सहित अन्य सीवन निवासियों का कहना है कि जब से सीवन को नगरपालिका का दर्जा मिला है तब से उनकी समस्याएं बढ़ गई हैं।

सीवन को शहर का दर्जा मिलने के कारण से मनरेगा समाप्त होने के कारण 4500 के करीब मजदूर बेरोजगार हो गए हैं। उन पर रोजी रोटी का संकट पैदा हो गया है। सीवन के बच्चों को शिक्षा और रोजगार में मिलने वाला ग्रामीण क्षेत्र का आरक्षण समाप्त हो गया है। इसके साथ ही कई प्रकार के टैक्स लगाए गए हैं और ग्रामीणों के पास नोटिस भेज दिए गए हैं।

उल्लेखनीय है कि सीवन एक ग्रामीण क्षेत्र है और यहां पर अधिकतर लोग खेती और मजदूरी करते हैं। ऐसे में इस प्रकार के टैक्स लगा दिए गए हैं जोकि लोग भरने में असमर्थ हैं। उन्होंने बताया कि पूर्व विधायक और मौजूदा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी कुलवंत बाजीगर से भी नगर निवासी मिले थे तो उस समय उन्होंने भी सीवन निवासियों की मांग को जायज ठहराया था और नगरपालिका भंग करवाने की मांग को मुख्यमंत्री तक पहुंचाने का आश्वासन दिया था।

इसके साथ ही कुरुक्षेत्र सांसद नवीन जिंदल जब चुनाव जीतने के बाद सीवन में आए थे उस समय एक

प्रतिनिधिमंडल उन्हें मिला था तो उन्होंने भी आश्वासन दिया था कि वह इस मामले को सरकार तक पहुंचा कर हल करवाने का प्रयास करेंगे।
क्या कहते हैं स्थानीय लोग
खेती और मजदूरी करने वाले लोगों मिल रहे टैक्स के नोटिस

सीवन की नगरपालिका को भंग करवाने के लिए स्थानयी लोग आवाज उठा रहे हैं। खेती और मजदूरी करने वाले लोगों को पास टैक्स के नोटिस भेजे जा रहे हैं। जिस व्यक्ति ने सारी उम्र की कमाई लगा कर एक मकान खड़ा किया है उसे उसी के मकान में किरायेदार जैसा बनाकर रख दिया गया है और उसी के मकान का किराया नगरपालिका टैक्स के रूप में मांग रही है। यह गलत है। 

-बलदेव सिंह बल्ली, सीवन।

पता नहीं था क्या लाभ होंगे

और क्यां हानि होगी

जब नगरपालिका मंजूर हुई थी तो उस समय जनता को पता ही नहीं था कि इसके लाभ क्या होंगे और हानि। बाद में नगरपालिका से होने वाले नुकसानों के बारे में पता चल रहा है तो लोग विरोध पर उतारू हो गए। यदि जनता नहीं चाहती कि सीवन में नगरपालिका हो तो इसे जनता पर थोपा क्यों जा रहा है। प्रदेश में सीवन के साथ जहां भी नगरपालिका बनी थी उनको भंग कर दिया गया है तो सीवन में भी ऐसा होना चाहिए। -बाल कृष्ण मोरे, सीवन।
विज्ञापन


सीवन नगर पालिका का मुद्दा विधानसभा में प्रमुखता से उठाया था। इसमें सरकार से मांग की गई थी कि लोगों की मांग को देखते हुए नगरपालिका सीवन का दर्जा समाप्त किया जाए। सीवन के लोगों ने जब अनिश्चितकालीन धरना दिया तो उन्होंने ने धरने पर पहुंच लोगों को आश्वासन दिया था। - ईश्वर सिंह, निवर्तमान विधायक, गुहला।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें