कैथल। शिक्षा विभाग की ओर से जिले में सरकारी स्कूलों को मॉडल संस्कृति स्कूल बनाने की तैयारी की जा रही है। इसके तहत विद्यार्थियों को बेहतर सुविधा देने वाले सरकारी स्कूलों की सूची जल्द ही विभाग के मुख्यालय में भेजी जाएगी। जिससे इन स्कूलों को राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूलों का दर्जा दिया जा सके। मुख्यालय में सूची भेजने के बाद की ओर से इन्हें मॉडल स्कूल बनाने पर सरकार की ओर से अंतिम फैसला लिया जाएगा।
जानकारी के अनुसार इस समय पूरे जिले में छह राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल हैं। यहां पर हिंदी और अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई करवाई जा रही है। हिंदी माध्यम से हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड और अंग्रेजी माध्यम से केंद्रीय शिक्षा विद्यालय बोर्ड के माध्यम से पढ़ाई करवाई जाती है।
एक सेक्शन में 30 सीट की जाती हैं निर्धारित
शिक्षा विभाग की ओर से कक्षा पहली के लिए एक सेक्शन में 30 सीटें, कक्षा छठी के लिए एक सेक्शन में 35 सीटें और कक्षा नौवीं व 11वीं के लिए 40-40 सीटें तय की गई हैं। इन सीटों पर 1.80 लाख रुपये सालाना से कम आय वाले परिवारों के बच्चों के लिए 20 प्रतिशत सीटें आरक्षित की जाती हैं। इसी प्रकार 1.80 से 2.40 लाख रुपये सालाना आय वाले परिवारों के बच्चों के लिए 10 प्रतिशत सीटें आरक्षित की जाती हैं। पहली, छठी, नौंवीं व 11वीं कक्षाओं को छोड़कर बाकी कक्षाओं में रिक्त सीटों के अनुसार दाखिले लिए जाते हैं।
जिले में पहले यह बनाएं गए थे राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल
01. राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल क्योड़क।
02. राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल सीवन।
03. राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल चीका।
04. राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल कलायत।
05. राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल पूंडरी।
06. राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल कमेटी चौक, कैथल।
विद्यार्थियों को बेहतर और मूलभूत सुविधाएं देने वाले सरकारी स्कूलों को राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल बनाने के लिए कवायद शुरू की गई है। इसके तहत स्कूल मुखियाओं से सूची मांगी गई है। जिन स्कूलों की ओर से मूलभूत सुविधाएं दी जा रही है। उनकी सूची मुख्यालय में भेजी जाएंगी।
- रामदिया गागट, जिला शिक्षा अधिकारी, कैथल।