संवाद न्यूज एजेंसी
ढांड। गुरु ब्रह्मानंद आश्रम जडौला के नजदीक सरकार से गरीबों को 100-100 गज के प्लाॅट तो मिले 10 साल से ज्यादा बीत चुके हैं लेकिन उनका कहना है कि वे आज भी मूलभूत सुविधाओं से महरूम हैं। मंगलवार को खाली बर्तन लेकर उन्होंने प्रदर्शन कर अपनी नाराजगी जताई।
नाराज लोगों में शामिल बलकारो, अंग्रेजो, पिंकी, उषा, ममता, सरोज, वर्षा, माया, मालो, राकेश, रामफल, शीशपाल, विशाल, बबलू, राजेश अजय, राहुल, सुरेश, सावन ने बताया कि इस कॉलोनी में लगभग 10 वर्षों से हम रह रहे है लेकिन आज तक ग्राम पंचायत से लेकर सरकार तक किसी ने उनकी कोई सुध नहीं ली है।
उनका आरोप है कि सरकार ने हमें रहने के लिए तो 100-100 गज के प्लाॅट दे दिए, लेकिन यह नही सोचा कि बिजली, पानी, गलियां एवं नाले की व्यवस्था कौन करेगा। नाराजगी जताते हुए कहा कि सरकार हमें प्लाट भूल गई कि आखिरकार यहां रहने वाले गरीब लोग बिजली, पानी, गलियों एवं नालों की व्यवस्था कैसे करेंगे।
उनका कहना है कि शासन से लेकर प्रशासन तक गुहार लगाते हुए 10 वर्ष बीत चुके है। लेकिन आज तक उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई है। उनका कहना है कि बरसात के दिनों में उनकी कॉलोनी की गलियों में पानी भर जाने से तालाब का रूप धारण कर लेती है। ऐसे में उन्हें अपने घरों में पानी में से होकर आना जाना पड़ता है। गलियों में बरसात का पानी खड़ा रहने से हर ओर बदबू फैल जाती है। इससे उन्हें नारकीय जीवन जीने को मजबूर होना पड़ता है। बारिश के दौरान गंदे पानी से महामारी फैलने का अंदेशा अलग बना रहता है। बीपीएल बस्ती के लोगों ने सरकार से मांग है कि उनकी कॉलोनी में पीने के स्वच्छ जल की व्यवस्था की जाए और तमाम मूलभूत सुविधाएं मुहैया करवाई जाएं।
इस संबंध में जन स्वास्थ्य विभाग के एसडीओ जगदीश का कहना है कि बीपीएल कॉलोनी जड़ौला में पीने के पानी की पाइपलाइन का एस्टीमेट पास हो चुका है। उन्होंने कहा कि
विभाग के पास जैसे ही पाइप आ जाएंगे उसके तुरंत बाद कॉलोनी में पाइपलाइन बिछा दी जाएगी।