गुहला-चीका। सीएम फ्लाइंग कैथल व जींद की टीम ने बुधवार को शहर में डोर टू डोर कूड़ा उठाने वाली ट्रालियों की जांच की। इसमें पाया कि कर्मचारी कूड़े का वजन बढ़ाने के लिए कूड़े के साथ ट्रालियों में मिट्टी की भी तुलाई कर रहे हैं। कर्मचारियों की इस कार्रवाई से सरकार को प्रतिदिन हजारों रुपये का चूना लग रहा था। सचिव से बातचीत के बाद सीएम फ्लाइंग की टीम ने कंपनी 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
सीएम फ्लाइंग के एसआई विजेंद्र सिंह बुधवार को अपनी टीम के एएसआई खुशी राम व कांस्टेबल रणदीप सिंह के साथ चीका पहुंचे और कैथल रोड पर कूड़ा लेकर जा रही एक ट्रॉली को रुकवाकर उसकी जांच की तो उसमें कूड़े के नीचे भारी मात्रा में मिट्टी भरी थी। सीएम फ्लाइंग टीम ने जब ट्रैक्टर ट्रॉली का वजन करवाया तो वह 65 क्विंटल से अधिक पाया। टीम के अधिकारियों ने ट्रैक्टर चालक से पूछताछ की तो उसने बताया कि वह इससे पहले भी दो बार ट्रॉली का वजन करवा, उसे डंपिंग प्वाइंट पर खाली कर चुका है। टीम ने ट्रैक्टर ट्रॉली की तीनों बार के वजन की धर्मकांटा संचालक से पर्चियां ली तो उसमें गाड़ी का वजन 65 क्विंटल, 97 क्विंटल व 107 क्विंटल से अधिक पाया गया जो कूड़े के वजन से कहीं अधिक था।
इसके बाद सब इंस्पेक्टर विजेंद्र सिंह ट्रैक्टर ट्रॉली को नगरपालिका कार्यालय ले गए और सचिव से विचार-विमर्श के बाद कूड़ा उठाने वाली कंपनी पर 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। सब इंस्पेक्टर विजेंद्र सिंह ने बताया कि चीका में डोर टू डोर कूड़ा कलेक्ट करने वाली कंपनी के खिलाफ कूड़ा उठाने में भ्रष्टाचार करने की शिकायतें मिल रहीं थीं। इसी मामले की जांच करने वे चीका आए थे और जांच में शिकायत को सही पाया है। उन्होंने बताया कि कूड़ा उठाने वाले कर्मचारी बिना वर्दी के ही ड्यूटी कर रहे थे और तीन ट्रॉलियों में अनुमान से कहीं अधिक वजन पाया गया। इस वजह से कंपनी पर पांच हजार रुपये प्रति ट्राली व पांच हजार रुपये बिना वर्दी के कर्मचारियों के ड्यूटी करने पर जुर्माना किया है।
नगरपालिका सचिव राजेश शर्मा ने बताया कि सीएम फ्लाइंग टीम ने एक ट्रॉली की जांच की तो उसमें कूड़े के साथ मिट्टी पाई गई। सीएम फ्लाइंग टीम की रिपोर्ट पर शुभम स्वच्छता प्रा लि कंपनी को नोटिस देने के साथ उस पर 20 हजार रुपये का जुर्माना किया है व बुधवार के काम का भुगतान निरस्त कर दिया गया है। सचिव राजेश शर्मा ने कहा कि सरकार ठेकेदार को 2400 रुपये प्रति टन के हिसाब से भुगतान करती है, ऐसे में भ्रष्टाचार किसी भी सूरत में सहन नहीं किया जाएगा।
दूसरी ओर शुभम प्रा. लि. कंपनी से सुमित ने बताया कि आज पूरे क्षेत्र में बरसात हुई थी, जिसके चलते कूड़ा गीला था और वजन में भारी था। कर्मचारियों को लिफाफों के साथ गलियों में पड़ा दूसरा कूड़ा भी उठाना होता जिससे कई बार वजन बढ़ जाता है। जानबूझकर कूड़े का वजन बढ़ाने जैसी कंपनी की कोई मंशा नहीं रहती।