संवाद न्यूज एजेंसी
कलायत। शहर के विभिन्न वार्डों में जन स्वास्थ्य विभाग की शुद्ध पेयजल सप्लाई के दावों के बीच लोग काला एवं बदबूदार पानी पीने को विवश हैं। दूषित पेयजल सप्लाई से पेजयल समस्या गंभीर होती जा रही है। साथ ही इन हालातों में बीमारी से लोग बेहाल हो रहे हैं। इस पेयजल संकट के मद्देनजर बुधवार को पार्षदोंं का प्रतिनिधि मंडल जन स्वास्थ्य विभाग अभियंत्रिकी विभाग कार्यालय में पहुंचा।
उन्होंने विभाग के एसडीओ, कनिष्ठ अभियंता, बीआरसी व अन्य अधिकारियों को कार्यालय के माध्यम से अवगत करवाया। वार्ड एक पार्षद कुमारी रेणू धानियां, आशीष राणा, कुलदीप दहिया, सचिन राणा, प्रीत जगदेवा, प्रदीप राणा, महीपाल पंवार, संजय सिंगला, विनोद जेष्ठ, रवींद्र निर्मल बंटी और दूसरे पार्षदों ने कहा कि सरकार द्वारा घर-घर स्वच्छ जल पहुंचाने के आदेश अधिकारियों को दिए गए हैं। इसके तहत मजबूत व्यवस्था विभाग द्वारा कायम रखनी चाहिए लेकिन पिछले काफी समय से पेयजल व्यवस्था बिगड़ी है। पार्षदों ने जल आपूर्ति की गुणवत्ता में सुधार की मांग की।
उन्होंने कहा कि गर्मी के मौसम में पानी की खपत बढ़ जाती है। विभाग की तरफ से ठोस कदमोंं की जरूरत है। शहर के लोगों का कहना है कि पेयजल संकट से हर कोई दिक्कतों से जूझ रहा है। उन्होंने जन प्रतिनिधियों और प्रशासन से जल आपूर्ति की गुणवत्ता में सुधार की मांग की है।
जन स्वास्थ्य अभियंत्रिकी उप मंडल एसडीओ नरेश कुमार ने बताया कि शहर मेंं सुचारू रूप से शुद्ध पेयजल आपूर्ति के लिए महत्वपूर्ण योजना को जल्द बोर्ड की बैठक में मंजूरी मिलेगी। शहर मेंं करीब 17 किलोमीटर लंबी पेयजल पाइप लाइन बिछाने का कार्य शुरू होगा। पुरानी लाइनों के कारण पैदा होने वाली पेयजल रिसाव समस्या नहीं रहेगी। वर्तमान मेंं स्वच्छ पेयजल सप्लाई के लिए विभाग की टीम सक्रिय है।