संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। कृषि विभाग की टीम ने बुधवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए चीका से कैथल जा रही खाद से भरी एक पिकअप गाड़ी पकड़ी है। विभाग ने यह कार्रवाई कृषि विभाग के एसडीओ सतीश नारा की अगुवाई में की।
टीम को सूचना मिली थी कि बुधवार को दोपहर के समय एक पिकअप गाड़ी चीका से कैथल की तरफ आ रही है। इसमें नकली खाद व फर्टिलाइजर मिल सकता है। इसके बाद टीम ने विश्वकर्मा चौक पर आई पिकअप गाड़ी को रुकवाया। इस बीच गाड़ी में सवार गाड़ी छोड़कर मौके से फरार हो गया। इसके बाद गाड़ी को शहर थाना में लाया गया। विभाग की ओर से खाद देने वाले विक्रेता के खिलाफ शहर थाना में शिकायत भी दी गई।
इस मामले में कृषि विभाग के एसडीओ सतीश नारा ने बताया कि पिकअप गाड़ी में चीका से एक दुकान से एनपीके खाद के 35 बैग व दवाइयां अवैध रूप से उत्तर प्रदेश के बिजनौर शहर के लिए भेजी गई थी परंतु विभाग के दबिश देने के बाद यह पकड़ी गई है। जिस विक्रेता ने यह खाद व दवाइयां यूपी के बिजनौर में भेजी थी, उसके पास इस कंपनी का कोई भी मार्का नहीं है।
कृषि विभाग ने जब जांच की तो कोई कागजात फर्म से संबंधित नहीं मिले। इसकी शिकायत शहर थाना पुलिस दे दी गई है। अब वीरवार को एसएचओ की मौजूदगी में खाद के सैंपल लिए जाएंगे। इसके बाद इनको जांच के लिए लैब में भेजा जाएगा। इसी रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
चीका में गोदाम किया सील
कैैथल। कृषि विभाग के एसडीओ सतीश नारा ने बताया कि चीका से भेजी गई खाद विक्रेता का गोदाम भी अवैध पाया गया है। इसके भी किसी प्रकार को कोई कागजात नहीं मिले हैं। इसके बाद कृषि विभाग चीका के एसडीओ पुष्पेंद्र सहरावत की ओर से कार्रवाई गई है। उन्होंने चीका स्थित गोदाम को सील भी किया है।
एसडीओ सतीश नारा ने बताया कि द फर्टीलाइजर कंट्रोल ऑर्डर एक्ट 1985 के नियमों के तहत प्रदेश में फसलों के खाद सहित फर्टीलाइजर और कीटनाशक दवाओं को एक जिले से दूसरे जिले में भी नहीं भेजा जा सकता है। परंतु चीका के खाद विक्रेता ने इसे दूसरे जिले में ही नहीं, बल्कि दूसरे प्रदेश में भेजा जा रहा था। इस नियम ले तहत ही पिकअप गाड़ी पकड़ी है।