डीसी सुजान सिंह सोमवार को छुट्टी के बाद लौट आए। उन्होंने कई विभागों की बैठक लेकर निर्देश जारी किए। मुख्य फोकस पंचायत विभाग के माध्यम से की जा रही लाल डोरे की जमीन की रजिस्ट्री संबंधी योजना रही। जिसमें डीसी ने संबंधित विभाग के अधिकारियों की बैठक में कहा कि सभी गांवों को लाल डोरा मुक्त करने के लिए ड्रोन मैपिंग का कार्य जिला में चल रहा है। अब तक जिला के लाल डोरा मुक्त होने वाले 261 गांवों में से 223 गांवों में ड्रोन मैपिंग का कार्य पूरा कर लिया गया है, बाकि रहे 38 गांवों में सभी तहसीलदार व पंचायत विभाग के अधिकारी आपसी तालमेल से निशानदेही करवाकर चूना मैपिंग का कार्य शुरू करवाया जाए। इस काम में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं होगी।
उन्होंने योजना के फायदे गिनवाएं। साथ ही बताया कि 18 गांवों को रजिस्ट्री का वितरण कर दिया गया है।
लंबित इंतकाल पर फटकार-डीसी ने जिले में जमीनों के लंबित इंतकाल पर जमकर फटकार लगाई। उन्होंने सभी तहसीलदार व नायब तहसीलदारों को निर्देश दिए कि गुहला में 465, कलायत में 453, राजौंद में 45, पूंडरी में 425, सीवन में 70, ढांड में 192 इंतकाल की इंट्री पैंडिंग हैं। इसे शीघ्र पूरा किया जाए।
सीएम विंडो को लेकर जारी किए निर्देश-डीसी ने एक अन्य बैठक में कहा कि सीएम विंडो पर लंबित राजौंद में 17, पूंडरी में 15, सीवन में 10, कलायत में 8, कैथल में 5, गुहला में 4, ढांड में 7 ओवर डू शिकायतें हैं। जिन पर कार्रवाई करके जल्द निपटान करवाएं।
कोविड टीकाकरण में भी दिखाएं गंभीरता-डीसी ने एक अन्य बैठक में कोविड-19 के टीकाकरण के काम में भी गंभीरता दिखाने के निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि अब तक जिले में टीकाकरण का कोई भी गंभीर साइड इफेक्ट काल् मामला सामने नहीं आया है। वे सभी लोग स्वस्थ हैं, जिन्होंने टीका लगवाया है। योजना में पंजीकृत व्यक्ति निडर होकर टीकाकरण करवाएं ताकि भविष्य में कोरोना का प्रभाव आप पर न पड़े।