संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। नगर परिषद की हाउस बैठक बुधवार को भारी हंगामे के बीच बिना निष्कर्ष के समाप्त हो गई। शहर के विकास के लिए प्रस्तावित 113 करोड़ रुपये के बजट पर चर्चा होनी थी, लेकिन पार्षदों के बीच बहस और आरोप-प्रत्यारोप के चलते बैठक मुद्दों से भटक गई और बजट पर कोई निर्णय नहीं लिया जा सका।
बैठक की शुरुआत से ही विभिन्न मुद्दों पर पार्षदों के बीच तनावपूर्ण माहौल बना रहा। खासकर सेक्टर-20 में खराब सड़क निर्माण का मामला गरमा गया, जिस पर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गए। पार्षदों ने आरोप लगाया कि संबंधित अधिकारी और जनप्रतिनिधि समस्याओं को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं।
इसी दौरान सेक्टर-20 की सड़क का मौके पर निरीक्षण करने का प्रस्ताव रखा गया। बताया गया कि कुछ जनप्रतिनिधि निरीक्षण के लिए बैठक से उठकर चले भी गए, लेकिन बाद में निरीक्षण नहीं किया गया। इससे पार्षदों और स्थानीय निवासियों में नाराजगी बढ़ गई।
कांग्रेस की वार्ड-11 पार्षद सुशीला ने आरोप लगाया कि निरीक्षण के बहाने जिला परिषद की अध्यक्ष सुरभि गर्ग बैठक से उठकर भाजपा जिला महिला अध्यक्ष ज्योति सैनी का जन्मदिन मनाने चली गईं। उन्होंने कहा कि पार्षद और वार्डवासी मौके पर इंतजार करते रहे, लेकिन कोई भी जिम्मेदार अधिकारी या जनप्रतिनिधि निरीक्षण के लिए नहीं पहुंचा।
इस घटनाक्रम के बाद बैठक का माहौल और अधिक तनावपूर्ण हो गया। पार्षदों के बीच तीखे आरोप-प्रत्यारोप हुए, जिससे बैठक में अव्यवस्था की स्थिति बन गई। नतीजा, 113 करोड़ रुपये के प्रस्तावित बजट पर चर्चा अधूरी रह गई और कोई निर्णय नहीं लिया जा सका। बैठक के अंत में कई पार्षदों ने नाराजगी जताते हुए कहा कि शहर के विकास से जुड़े अहम मुद्दों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए। उन्होंने मांग की कि अगली बैठक में बजट और विकास कार्यों पर ठोस और समयबद्ध निर्णय लिया जाए।
कैथल के नगर परिषद कार्यालय में हुई बैठक में आपस में चर्चा करते पार्षद संवाद