संवाद न्यूज एजेंसी
कलायत (कैथल)। ओवरलोडेड डंपर चलने से क्षतिग्रस्त सड़कों के पुन: सुधार करने की मांग के संदर्भ में गांव चौशाला में पांच गांवों के लोगों ने शनिवार से एक्सप्रेस-वे प्लांट पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया।
तंबू लगाकर प्रदर्शन करने वालों में चौशाला, बालू, वजीर नगर, जुलानी खेड़ा और रामगढ़ पांडवा गांव के लोग शामिल रहे। सूचना पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों ने आंदोलनकारियों को मनाने का प्रयास किया लेकिन अंतत: उन्हें बैरंग लौटना पड़ा।
गौरतलब है कि इलाके में सड़कों की बदहाल स्थिति के मुद्दे पर नाराज स्थानीय लोगों ने आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है। प्रदर्शनकारियों में शामिल मंदीप चौशाला, महेंद्र रामगढ़ पांडवा, बलवान कौलेखां, महावीर सिंह, प्रदीप कुराड़, बिट्टू व राजबीर चौशाला आदि ने कहा कि जब तक टूटे चौशाला-कसान मार्ग का दोबारा निर्माण कार्य नहीं करवाया जाता, तब तक धरना-प्रदर्शन जारी रहेगा।
प्लांट पर सुबह 10 बजे से सायं पांच बजे तक निरंतर धरना चलेगा। इसमेंं पांचों गांवों से प्रतिनिधि मौजूद रहेंगे। भारी पुलिस बल की मौजूदगी मेंं तुरंत पांचों गांवों के प्रतिनिधि बिना देरी गिरफ्तारी देने को तैयार हो गए।
इस पर प्रशासन ने सोमवार तक सड़क निर्माण एजेंसी के प्रतिनिधियों से बातचीत करवाते हुए टूटी सड़कों की मरम्मत करवाने का भरोसा दिलाया।
ग्रामीणों ने कहा कि जब तक सड़क निर्माण का कार्य शुरू नहीं होता, तब तक प्लांट भी बंद रहेगा। इस स्थिति को देखते हुए आखिरकार प्रशासनिक अधिकारियों को लौटना पड़ा।