संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। सावन माह के दूसरे सोमवार को आज शिव मंदिरों में जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ जुटेगी। लोग शिव मंदिरों में पहुंचकर दूध, दही, शहद, गंगाजल, और बेलपत्र अर्पित कर भोलेनाथ का अभिषेक करते हैं। सावन के सोमवार में शिवपुराण का पाठ, रुद्राभिषेक, और महामृत्युंजय मंत्र का जाप किया जाता है। इस दौरान श्रद्धालु व्रत रखते हैं और दिनभर फलाहार करते हैं।
इसी कड़ी में शहर के ऐतिहासिक श्री ग्यारह रुद्री शिव मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ जुटेगी। ऐसे में मंदिर प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। दूसरे सोमवार की पूर्व संध्या पर ऐतिहासिक श्री ग्यारह रुद्री शिव मंदिर में स्थापित भोले बाबा को महाकाल के रूप में सजाया गया है।
मंदिर के पुजारी पंडित मुनिंद्र मिश्रा ने बताया कि सावन माह के अवसर पर मंदिर में भोले बाबा का प्रतिदिन आकर्षक श्रृंगार किया जा रहा है, जो श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनता है। बुधवार को शिवरात्रि का पर्व मनाया जाना है। अब मंदिरों में भोले के भक्तों की भीड़ जुटना शुरू हो गई है। ढांड रोड स्थित कुरुक्षेत्र मार्ग पर कई सामाजिक संगठनों ने भंडारे शुरू किए गए हैं।
यहां पर दूर-दराज के क्षेत्रों में जाने वाले कांवड़ियों का आवागमन पांच दिन पहले ही शुरू हो गया था। ढांड रोड स्थित शिव शक्ति धाम मंदिर के मुख्य पुजारी पंडित प्रेम शंकर शास्त्री ने बताया कि मंदिर परिसर में कांवड़ियाें के लिए भंडारा शुरू कर दिया गया है।
यह शिवरात्रि तक पूरा दिन और पूरी रात चलेगी। कांवडिये लगातार शिविरों में पहुंच रहे हैं और विश्राम करने के बाद अपने गंतव्य की ओर से पहुंचने लगे हैं।