मंगलवार रात नई अनाज मंडी से गायों को एक गाड़ी में लादकर भाग रहे गो तस्करों ने गोरक्षा दल के सदस्यों पर फायरिंग की तथा उनकी गाड़ी को टक्कर मारी। पीछा करने पर गायों को चलती गाड़ी से फेंककर तस्कर भाग गए। गोरक्षा दल ने पुलिस को सूचना दी लेकिन पुलिस मौके पर नहीं पहुंची। गो भक्त बुधवार को एसपी कृष्ण मुरारी से मिले तथा कार्रवाई की मांग की। एसपी ने कहा कि गोरक्षा दल के साथ 16 कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई जाएगी।
गोरक्षा दल के सचिव विजेंद्र कुंडू ने बताया कि उनकी टीम अलग-अलग जगहों पर गायों की तस्करी रोकने के लिए काम करती है। मंगलवार रात करीब बारह बजे सूचना मिली थी कि नई अनाज मंडी के पास एक गाड़ी में कुछ लोग गायों को चढ़ाकर ले जाने वाले हैं।
वे जींद रोड बाईपास की ओर से मंडी में जा रही रहे थे कि रास्ते में ही उन्हें वह गाड़ी मिली। गाड़ी में सवार गो तस्करों ने उनकी गाड़ी को टक्कर दे मारी। बाद में उन्होंने उसका पीछा किया तो गो तस्करों ने फायरिंग भी की। करीब 6-7 राउंड फायरिंग की गई।
इसके बाद वे गायों को चलती गाड़ी से फेंककर पाई की ओर भाग गए। गाड़ी में तीन गायों को चढ़ाया गया था। इस दौरान उन्होंने पुलिस को सूचित किया लेकिन पुलिस कर्मचारी हीं आए।
बुधवार सुबह लघु सचिवालय में एसपी से मिलने पहुंचे गोरक्षा दल के प्रधान मेवा सिंह ढुल, डॉ. विपिन शर्मा, बलबीर शर्मा, मा. रामदास गुगलानी, हिंदू जागरण मंच के सुनील कुमार, अमन कुमार, सोनू सहित अन्य ने कहा कि इन नौजवानों ने गायों की रक्षा में बहादुरी का परिचय दिया है लेकिन यदि पुलिस ही नहीं सुनेगी तो गायों की रक्षा कैसे हो पाएगी। लोगों ने एसपी से मिलकर इस मामले में कार्रवाई की मांग की तथा भविष्य में ऐसी सूचनाओं को गंभीरता से लेने की भी मांग की।
16 कर्मचारी 16 एसएलआर के साथ तैनात होंगे : एसपी
एसपी कृष्ण मुरारी ने कहा कि इस बात का पता लगाया जाएगा कि सूचना मिलने पर भी पुलिस कर्मचारी क्यों नहीं पहुंचे। साथ ही गोरक्षा दल की दो गाड़ियों के साथ चार जिप्सी लगाई जाएंगी जिसमें 16 पुलिस कर्मचारी 16 एसएलआर के साथ शाम से सुबह तक तैनात रहेंगे।