वन विभाग ने कई दिनों तक पीछा करने के बाद कोहली खेड़ा के जंगलों से दो युवकों को लकड़ी चोरी करते हुए पकड़ लिया। जबकि दो युवक भागने में सफल रहे। वन कर्मचारी कर्मजीत सिंह पूनिया ने बताया कि विभाग को सूचना मिली थी कि कुछ लोग कोहली खेड़ा जंगलात से लकड़ियां काटकर बेचने की फिराक में हैं।
रेंज ऑफिसर सुरेंद्र डांगी ने वन रक्षक धर्म सिंह, प्यारे लाल, सुरेश कुमार, मनदीप सिंह, अजय कुमार व कर्मजीत पर आधारित टीमें बनाकर उन्हें जंगल में नजर रखना शुरू कर दी। कर्मजीत ने बताया कि रात के तकरीबन दो बजे उन्होंने जंगल के बीच से एक ट्रैक्टर की लाइटें दिखीं तो उन्होंने एक दूसरे को सूचना देकर घेरा डाल दिया।
अपने आपको घिरते देख चार में से दो युवक अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में सफल हो गए जबकि दो को काबू कर लिया गया। कर्मजीत पूनिया ने बताया कि पकड़े गए चोर जगमीत और जगमीत सिंह दोनों निकटवर्ती गांव रत्ताखेड़ा लुकमान के रहने वाले हैं।
दोनों का वन अधिनियम के अनुसार चालान काट दिया गया है। उन्होंने बताया कि चोरों के कब्जे से पकड़ी गई लकड़ी की कीमत तकरीबन 70 हजार रुपये आंकी गई है।
कोहली खेड़ा जंगलात बहुत बड़ा होने के कारण चोर कई बार यहां वहां से पेड़ काटकर चोरी करने में कामयाब हो जाते हैं। वन विभाग को भी जंगलात में कई जगह पेड़ कटने के चिन्ह मिल रहे थे, लेकिन चोरों का पता नहीं चल पा रहा था। विभाग के आला अधिकारियों ने आखिर रात रात भर जंगलात में कई कर्मचारियों की ड्यूटियां लगा दी और चोरों का एक दल तो काबू में आ गया।