नेशनल हाईवे के लिए मिट्टी का ठेका लेने वाली फर्म के साथ एक करोड़ 27 लाख रुपये की धोखाधड़ी
ठेका लेने वाली फर्म ने आगे आवंटित कर दिया काम, जबकि कांट्रेक्ट अनुसार वह ऐसा नहीं कर सकती थी
आगे का लेने वाली फर्म ने करवाया मामला दर्ज, कहा- काम करवाकर नहीं किया जा रहा भुगतान
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। हिसार-चंडीगढ़ के बीच निर्माणाधीन एनएच-65 के लिए 80 किलोमीटर के क्षेत्र में मिट्टी डालने वाली फर्म ने मूल ठेका लेने वाली फर्म पर एक करोड़ 27 लाख रुपये की धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्ज करवाया है। पुलिस ने नमित बेंसन निवासी (मालिक मैसर्स रायल इन्फा डी. 22 श्यामा नगर डाला अजमेर रोड जयपुर) के खिलाफ धोखाधड़ी व जान से मारने की धमकी दिए जाने का मामला दर्ज किया है।
रविंद्रा कांट्रेक्ट एंड रोड लाइन के संचालक निहाल सिंह पुनिया निवासी मोहब्तपुर ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनकी फर्म ने 2016 में एनएच-65 कैथल बाईपास पर करीब 80/85 किलोमीटर मिट्टी का भर्ती का कार्य रायल इन्फा नमित बेंसन से लिया था और यह लिखित में कांट्रेक्ट हुआ था। उसने कुल 12764800 रुपये का काम किया था। इस काम की एवज में नमित बेंसन ने 20 लाख, 2 लाख, 2 लाख, 5.60 लाख रुपये के चेक दिए। सभी चेक बाउंस हो गए। फर्म के मालिक ने बेईमानी व धोखाधड़ी करते हुए जिस खाते के उसे चेक दिए थे, उस खाते को आरोपी ने पहले ही बंद करवा दिया था। नमित बैंसन ने रायल इन्फा का कांट्रेक्ट सदभाव फर्म से कर रखा था। जिसमें सदभाव ने अपने कांट्रेक्ट में शर्त लगाई थी कि वे आगे काम आवंटित नहीं कर सकते। लेकिन यह शर्त उन्होंने उनकी फर्म से छुपाई। यह भी कहा था कि सदभाव के तीन लाख क्यूबिक मीटर है, परंतु उन्हें 5 लाख क्यूबिक मीटर का काम कांट्रेक्ट में दर्शाया। उक्त फर्म संचालक ने उनके साथ धोखाधड़ी की है।
सब इंस्पेक्टर बलवान सिंह ने बताया कि पुलिस ने आरोपी पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।