7 जनवरी की शाम कैथल जेल वार्डन के सरकारी क्वार्टर से सोना जेवरात व नकदी चोरी करने वाले आरोपी जेल वार्डन को शहर पुलिस द्वारा गिरफतार कर लिया गया, जिसका 9 जनवरी को चोरी का सामान बरामद करने के लिए न्यायालय से एक दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया है। पूछताछ के दौरान आरोपी ने कबूला कि वह पिछले काफी सालों से सट्टा खेलने का आदी है, जिसमें वह काफी पैसे हार चुका था, जिसकी देनदारी काफी ज्यादा होने कारण चोरी की वारदात को अंजाम दे बैठा।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि जेल स्टाफ कालोनी कैथल निवासी सीनियर वार्डन सतबीर सिंह के ब्यान पर थाना शहर में दर्ज मामले अनुसार बच्चों की स्कूल छुट्टी होने कारण वे गांव में गए हुए थे। दिनांक 7 जनवरी की शाम जब वह जेल परिसर में खाना खाने उपरांत वापिस क्वार्टर पर पहुंचा तो नीचे क्वार्टर सामने एक संदिग्ध सैंट्रो कार खड़ी थी। दूसरी मंजिल पर स्थित अपने क्वार्टर पर पहुंचा तो वहां कोई अज्ञात व्यक्ति अंदर की कुंडी लगाए हुए था, जिसे आवाज लगाने पर संदिग्ध युवक जान से मारने की धमकी देकर पीछे से खिड़की के रास्ते फरार हो गया। वह व्यक्ति उसके अलमारी से सोना गलसरी, 2 सोना चैन, 3 अंगुठी, कानों के झुमके, नाथ टीका, सोने के कडे़, लॉकेट, दो जोडी चांदी पायल तथा करीब 80 हजार रुपये नकदी चुराकर ले गया। कुछ समय बाद जब वह कार लेने वापिस आया तो उसे काबू कर लिया। मामले की जांच करते हुए थाना शहर प्रबंधक इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार ने आरोपी जसविंद्र निवासी सिरसा को जाट धर्मशाला खनौरी बाईपास कैथल के पास से काबू कर लिया गया, जो इस मध्य चोरी किए सामान को कहीं पर छिपा चुका था। आरोपी हाल सेंट्रल जेल नंबर 1 हिसार के सरकारी क्वार्टर में रहता है। बतौर जेल वार्डन फरीदाबाद से वह चंद दिन पूर्व ही सुनारियां जिला रोहतक ट्रांसफर होकर आया था, जो अपने किसी मित्र के पास लाडवा जा रहा था, कि रास्ते में कैथल जिला जेल क्वार्टरों में चोरी की नीयत से चला गया। जहां एक क्वार्टर में कोई भी व्यक्ति नहीं मिलने पर चोरी करने के लिए घुस गया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने कबूला कि वह पिछले काफी सालों से सट्टा खेलने का आदि है, जिसमें वह काफी पैसे हार चुका था, जिसकी देनदारी काफी ज्यादा होने कारण चोरी की वारदात को अंजाम दे बैठा। पुलिस एक दिन के रिमांड पर उससे पूछताछ कर रही है।