संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। अब गैर मान्यता स्कूलों पर शिक्षा विभाग की ओर से कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए जिला शिक्षा विभाग कैथल ने संबंधित सभी बीईओ को गैर मान्यता प्राप्त स्कूलों की जांच करने के निर्देश दिए हैं। जांच के लिए एक टीम बनाई गई है। गैर मान्यता प्राप्त 28 स्कूलों की विभाग ने सूची जारी की है। इन सभी स्कूलों में जिला शिक्षा अधिकारी के नेतृत्व में यह टीम गैर मान्यता प्राप्त चल रहे स्कूलों की जांच करेगी।
गौरतलब है कि सरकार के निर्देश अनुसार एक अप्रैल से गैर मान्यता प्राप्त स्कूल किसी भी बच्चे का स्कूल में दाखिला नहीं कर सकते। यदि टीम द्वारा ऐसा पाया जाता है तो तुरंत स्कूल संचालकों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। न्यायालय के आदेशों के बाद जिला शिक्षा विभाग की ओर से 28 स्कूलों को नोटिस भेजे गए हैं। गैर मान्यता प्राप्त स्कूल संचालकों ने अब तक विभाग को संतोषजनक जवाब नहीं दिया है। इसलिए विभाग ने इन स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई करने का निर्णय लिया है। विभाग द्वारा बनाई गई टीम इन स्कूलों की जांच करेगी। खामियां पाई गई तो स्कूल संचालकों पर विभाग की ओर से कार्रवाई की जाएगी।
ये है गैर मान्यता स्कूल
सरस्वती विद्या मंदिर खेड़ी लांबा, शहीद भगत सिंह पब्लिक स्कूल खेड़ी लांबा, गीतांजलि पब्लिक स्कूल करोड़ा, गीता विद्या मंदिर कौलेखां, हरियाणा पब्लिक स्कूल ढूंढवा, गीता मॉडल स्कूल वजीर नगर, चौ. देवी लाल पब्लिक स्कूल बालू, ज्ञानदीप विद्या मंदिर खेड़ी शेरखां, बाबा कैबो वाला पब्लिक स्कूल सिंह, शहीद ऊधम सिंह पब्लिक स्कूल भूसला, गीता निकेतन पब्लिक स्कूल भूना, न्यू अनमोल दीप पब्लिक स्कूल शादीपुर, स्विफ्ट इंटरनेशनल स्कूल क्योडक़, शिक्षा पब्लिक स्कूल ग्योंग, सरस्वती पब्लिक स्कूल कैथल, गीता मनोहर पब्लिक स्कूल नंदकरण माजरा, सनातन धर्म पब्लिक स्कूल भाणा, हिमालय पब्लिक स्कूल सेरधा, नेशनल मॉडल स्कूल सीवन, सरस्वती मिडिल स्कूल बड़सीकरी, नवज्योति पब्लिक स्कूल चूहड़ माजरा, ग्रीन-वे पब्लिक स्कूल संगतपुरा, शहीद भगत सिंह स्कूल बरटा, आदर्श पब्लिक स्कूल बरटा, बीबी पब्लिक स्कूल धनौरी, शहीद भगत सिंह स्कूल धनौरी, एसके ग्लोबल एकेडमी, शुगर मिल के पास कैथल व एसडी मॉर्डन स्कूल बात्ता।
गैर मान्यता प्राप्त सभी स्कूलों की जांच की जाएगी। कोई भी स्कूल किसी बच्चे का अप्रैल में दाखिला नहीं कर सकता। यदि जांच में ऐसा पाया जाता है तो स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सभी बीईओ को जांच के निर्देश दिए हैं। -विजय लक्ष्मी, जिला शिक्षा अधिकारी, कैथल