संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। ढांड के पोबाला गांव में अपने आप को रिश्तेदार और बीमारी का बहाना बनाकर अज्ञात आरोपी ने पांच लाख रुपये की ठगी कर ली। शिकायतकर्ता पहले तो रुपये भेजता गया, लेकिन जब बाद में असली रिश्तेदार को फोन किया तो ठगी की जानकारी मिली। मामले में साइबर थाना में अज्ञात आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कराया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
साइबर थाने में दी गई शिकायत में पोबाला गांव निवासी परविंद्र सिंह ने बताया कि वह खेती करता है। तीन नवंबर 2024 को मोबाइल नंबर एक व्हाट्सएप नंबर से काॅल आई। फोन करने वाले ने कहा कि फुफड़ (फूफाजी) मैं राणा बोल रहा हूं। मेरे दोस्त की माताजी बीमार है और उनको रुपयों की जरूरत है। आप इनकी मदद कर दो और इनको रुपये दे दो।
पीडि़त के मुताबिक, आरोपी ने बातचीत कर उसे झांसा दे दिया और रुपये मांगने के दौरान उसे ठगी का अहसास नहीं हुआ। इसके बाद पांच नवंबर 2024 को ढाई लाख रुपये बैंक ऑफ महाराष्ट्र के एक खाते में डलवा दिए। इसके बाद दोबारा से फोन आया और कहा कि आप तीन लाख रुपये और डाल दो हम आपके सारे रुपये
वापस दे देंगे। फिर उसने पांच नवंबर 2024 को ही अपने यूनियन बैंक आफ इंडिया के खाते से दो लाख रुपये एक अन्य खाते में डलवा दिए। इसके बाद फिर बार- बार वे लोग व्हाटसअप पर फोन करके कई दिन तक और रुपये मांगते रहे, लेकिन उसने रुपये देने से मना कर दिया।
इसके बाद फिर से 18 नवंबर 2024 को उनके बार-बार जोर देने पर एचडीएफसी बैंक खाते से 50 हजार रुपये केनरा बैंक के खाता में डलवाए। उसने साले के लड़के राणा को उसके नंबर पर फोन करके रुपयों के बारे पूछा तो उसने कहा कि फुफड़ (फूफाजी) मैंने कोई रुपये देने के लिए नहीं कहा और आप रुपये ना भेजो। उसके बाद उन्हें पता लगा कि उनके साथ रुपयों की धोखाधड़ी की है। उसके साथ करीब पांच लाख रुपये की ठगी हुई है। साइबर थाना प्रभारी शुभ्रांशु ने बताया कि शिकायत पर अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।