संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। राजकीय महाविद्यालय के प्रांगण में नववर्ष पर एक संवेदनशील और प्रेरणादायी पहल के तहत प्राचार्य डॉ. मनोज कुमार भांबू ने मूक-बधिर बच्चों एवं युवाओं के साथ मिलकर नववर्ष मनाया। इस अवसर पर जिले के विभिन्न गांवों से आए मूक-बधिर लोगों के संगठन यूनाइटेड एसोसिएशन ऑफ डेफ एंड डम्ब कैथल के सदस्यों के साथ नववर्ष का कार्यक्रम बड़े हर्षोल्लास और आत्मीय वातावरण में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान प्राचार्य डॉ. मनोज कुमार ने कहा कि मूक-बधिर बच्चों और युवाओं के लिए सांकेतिक भाषा भावों की अभिव्यक्ति का एक सशक्त माध्यम है, जो उन्हें समाज से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक युग में मोबाइल और इंटरनेट जैसी आधुनिक तकनीकों ने इन दिव्य बच्चों के जीवन को और अधिक सरल बनाया है। उन्होंने कहा कि आज तकनीकी प्रगति के कारण वे दूर बैठे अपने सहयोगियों और प्रियजनों से संवाद करने में सक्षम हो गए हैं, जबकि पहले स्मार्टफोन और डिजिटल माध्यमों के अभाव में उन्हें अपनी भावनाएं व्यक्त करने में अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था।
डॉ. भांबू ने मूक-बधिर बच्चों को शिक्षित करने और उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने पर विशेष जोर देते हुए कहा कि ऐसे दिव्य बच्चों का उज्ज्वल भविष्य सुनिश्चित करने के लिए समाज के प्रत्येक वर्ग को आगे आना चाहिए। उन्होंने कहा कि शिक्षा और संवेदनशीलता के माध्यम से ही इन बच्चों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाया जा सकता है।
इस अवसर पर उपस्थित सभी अतिथि एवं संगठन के सम्मानित सदस्यों ने केक काटकर नववर्ष मनाया और प्राचार्य महोदय का आभार व्यक्त किया। साथ ही नववर्ष में समाजहित से जुड़े नए कार्य करने के लिए उत्साह और संकल्प भी व्यक्त किया गया।
कार्यक्रम में सुनीता अरोड़ा सहित महाविद्यालय के स्टाफ सदस्य, अनिल सांघन, सुखविंदर ढीग, दीपक, अंश, उमाशंकर, प्रभजोत, गुलाब सिंह, सुमीत तथा तरसेम सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे, जिन्होंने कार्यक्रम की गरिमा और शोभा बढ़ाई। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थितजनों ने नववर्ष को सामाजिक समरसता और समान अवसरों के संकल्प के साथ मनाया। उन्होंने संगठन के सदस्यों को हर संभव सहयोग का भरोसा दिलाया।