संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। कृषि विज्ञान केंद्र में सोमवार को आयोजित जिला स्तरीय किसान सम्मान समारोह में बतौर मुख्य अतिथि कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने शिरकत की। इस मौके पर उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार किसानों को सशक्त और समृद्ध बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है।
इस दौरान बिहार के भागलपुर में आयोजित प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम को लाइव सुना गया। प्रधानमंत्री ने इस दौरान किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 19वीं किस्त जारी की। कृषि मंत्री ने बताया कि जिले के 98,278 किसानों के खाते में भी सम्मान निधि योजना की किस्त डाली जा चुकी है।
कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि किसानों के कल्याण की दिशा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह कदम सराहनीय है। पीएम किसान सम्मान निधि योजना से किसानों को काफी मदद मिलती है। राणा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के किसान परिवारों के लिए सकारात्मक अनुपूरक, समय पर खाद, बीज व आर्थिक सहायता के लिए और सतत कृषि क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए 2019 में इस योजना का शुभारंभ किया गया था।
इस योजना के अन्तर्गत पात्र किसान परिवारों को प्रत्येक चार महीने के अंतराल में दो हजार रुपये की तीन समान किस्तों में प्रति वर्ष छह हजार रुपये का आर्थिक लाभ सीधे उनके बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से स्थानांतरित किया जाता है। उन्होंने बताया कि 19वीं किस्त के अंतर्गत हरियाणा राज्य के 16.38 लाख पात्र किसानों को 360.27 करोड़ रुपये की राशि किसानों के आधार से जुड़े बैंक खाते में सीधे डाली गई है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत अब तक 34.58 लाख किसानों को 8732.36 करोड़ रुपये का क्लेम वितरित किया जा चुका है। कहा कि प्राकृतिक खेती योजना वर्ष 2024-25 में भी राज्य सरकार ने 26.50 करोड़ रुपये लागत की 25000 एकड़ के लक्ष्य के साथ प्राकृतिक खेती योजना लागू की है।
राणा ने कहा कि हरियाणा एकमात्र राज्य है जो प्राकृतिक खेती अपनाने वाले किसानों को दो एकड़ या उससे अधिक भूमि पर एक देसी गाय की खरीद पर 25 हजार रुपये की सब्सिडी प्रदान करता है। इस योजना के तहत 2500 किसानों को चार ड्रम प्रति किसान की दर से 75 लाख रुपये, 498 देसी गाय की खरीद के लिए कुल 1.24 करोड़ रुपये अनुदान राशि किसानों के बैंक खाते में डाली गई है।
इसके अलावा वर्ष 2020-21 से पराली प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत 1000 रुपये प्रति एकड़ की दर से इन सीटू/एक्स-सीटू प्रबंधन तकनीकों के माध्यम से धान की फसल के अवशेष के प्रबंधन के लिए प्रोत्साहन राशि प्रदान की जा रही है।
इस अवसर पर कृषि विज्ञान केंद्र की ओर से प्राकृतिक खेती के तहत उत्पादित सब्जियों पर अन्य फसलों की प्रदर्शनी का अवलोकन कर कृषि मंत्री ने किसानों की सराहना की। डीसी प्रीति ने कृषि मंत्री को स्मृति चिह्न भेंट किया। इस मौके पर अफसरों को भी सम्मानित किया गया।