सीवन। जन स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के चलते सीवन के उपभोक्ताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। विभाग ने इस बार पानी के बिल ही वितरित नहीं किये। जिसके चलते उपभोक्ताओं को बिल भरने की अंतिम तिथि की कोई सूचना नहीं मिली। अब उपभोक्ता बिल भरने जाते हैं तो उन पर देरी से बिल भरने के लिए जुर्माना लगाया जा रहा है। इसके साथ ही विभाग ने पिछले 18 माह से पानी के बिल नहीं भेजे और अब 18 माह के बिल एक साथ भेज दिए हैं जिससे उपभोक्ताओं पर एक साथ बिल भरने का बोझ पड़ गया है।
बिल न मिलने से उपभोक्ता परेशान
सीवन के निवासी शिकायत कर रहे हैं कि विभाग के कर्मचारियों ने समय पर बिल नहीं दिए, जिससे उन्हें यह पता ही नहीं चला कि बिल कब भरने हैं। जब उपभोक्ताओं को जानकारी मिली और वे बिल भरने पहुंचे तब पता चला कि अंतिम तिथि निकल चुकीं है और अब उन्हें 50 रुपये से अधिक का जुर्माना भी अदा करना पड़ेगा।
18 माह का बिल एक साथ आम जनता पर बोझ
पानी का बिल 40 रुपये प्रति माह आता है और पिछले 18 माह से पानी का बिल नहीं आया था इस बार पानी का बिल प्रति कनेक्शन 720 रुपये से अधिक आया है क्योंकि पिछला बिल जून 2023 तक का था और उसके बाद से विभाग ने कोई बिल नहीं दिया था। उपभोक्ताओं का कहना है कि पहले हर छह माह में बिल आते थे जिससे उन्हें भुगतान में कोई परेशानी नहीं होती थी। लेकिन अब 18 माह का बिल एक साथ आने से मध्यमवर्गीय परिवारों पर वित्तीय बोझ बढ़ गया है।
विभाग का स्पष्टीकरण :- ऑनलाइन सिस्टम में आई खामियां
इस मामले पर जन स्वास्थ्य विभाग के एस.डी.ओ. इन्द्राज सिंह ने बताया कि ऑनलाइन सिस्टम में आई खामियों के कारण 18 माह तक बिल जनरेट नहीं हो पाए थे। बिल हमारे हैड ऑफिस से आते हैं। सिस्टम में गड़बड़ी के कारण बिल बनने में देरी हुई है। अब हम यह जांच करेंगे कि उपभोक्ताओं तक बिल समय पर क्यों नहीं पहुंचाए गए। यदि किसी उपभोक्ता को बिल अधिक भरने में दिक्कत है तो इस बिल को 2 बार में भर सकता है।