संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। छठ महापर्व में शनिवार को खरना का प्रसाद ग्रहण कर श्रद्धालुओं ने 36 घंटे का उपवास शुरू किया। अब रविवार को दिनभर निर्जला व्रत रखकर डूबते सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा। इसके बाद सोमवार को उगते सूर्य को अर्घ्य के साथ ही चार दिनी छठ महापर्व का समापन होगा।
पहले दिन नहाय खाय के साथ छठ की शुरुआत होती है। इसमें व्रती विधि विधान से पूजा की शुरुआत करते हैं और एक समय भोजन कर मन को पवित्र और शुद्ध करते हैं। नहाय-खाय वाले दिन व्रती लौकी की सब्जी, चने की दाल, चावल और मूली को प्रसाद के रूप में ग्रहण करते हैं। अगले दिन यानी शनिवार को दिनभर उपवास कर व्रती शाम को गुड़ की खीर-रोटी का प्रसाद ग्रहण करते हैं। अब रविवार को डूबते सूर्य को अर्घ्य देने के लिए श्रद्धालु तैयार है।
वहीं पुलिस-प्रशासन की ओर से भी घाटों पर इसके लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। 19 नवंबर रविवार को अस्त होते हुए सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा, उसके अगले दिन सुबह यानी 20 नवंबर को उदय होते सूर्य को अर्घ्य देकर छठ पूजा का समापन होगा। विदित हो कि छठ सूर्य उपासना और छठी माता की उपासना का पर्व है। हिंदू आस्था का यह एक ऐसा पर्व है, जिसमें मूर्ति पूजा शामिल नहीं है। पहले यह व्रत अधिकतर महिलाएं ही करती थीं, लेकिन कालांतर में बड़ी संख्या में पुरुषों ने भी इसे धारण कर लिया।
मान्यता है कि व्रत से श्रद्धालुओं की न सिर्फ मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं, बल्कि जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं। इसमें प्रयोग होने वाली हर चीज को स्वास्थ्य के लिए मुफीद माना गया है। इससे सादगी और पवित्रता के साथ शरीर की प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और रोगों से भी मुक्ति मिलती है।
सबसे कठिन है उपवास
पूनम देवी के अनुसार, वह पिछले 12 वर्षों से छठ पर्व का व्रत रख रही हैं। यह सब व्रतों में सबसे कठिन उपवास है। यह छठ माता को प्रसन्न करने के लिए रखा जाता है। माता रानी सभी की मनोकामना पूर्ण करती हैं।
व्रत रखने से परिवार में रहती है सुख शांति
ललिता देवी ने कहा कि वह 10 वर्षों से छठ पर्व का व्रत रख रही हैं। उनका मानना है कि व्रत रखने से घर व परिवार में सुख शांति बनी रहती है। छठ माता का व्रत रखने से कभी भी घर में धन की कमी नहीं होती।
विधायक ने छठ पूजा की तैयारी का लिया जायजा
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कैथल। पार्क रोड स्थित शीतलपुरी डेरे के तालाब के घाट पर विधायक लीला राम ने शनिवार को छठ पूजा की तैयारी का जायजा लिया। उन्होंने आयोजक समिति के सदस्यों को हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। साथ ही अधिकारियों से तालमेल कर सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने की बात कही। छठ पूजा में व्रती महिलाओं के लिए व्यवस्थित सुरक्षा व्यवस्था, साफ-सफाई, लाइट आदि की व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए। समिति के सदस्यों में जय कृष्ण राय, धनंजय सिंह, अशोक कुमार, सचिन कुमार, राजन, सदन रॉय, पटवेंद्र कुमार, निक्कू, अर्जुन शाह, शंकर, अजय, अशोक, साहिल मौजूद थे।