संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। नौकरी लगवाने के नाम पर 13 लाख रुपये की धोखाधड़ी के मामले में पुलिस ने आरोपी जिला जींद के गांव खानपुर निवासी राजेश को गिरफ्तार किया है। न्यायालय के आदेशानुसार आरोपी को जेल भेज दिया गया।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि भगत सिंह कॉलोनी कैथल निवासी दीपक की शिकायत के अनुसार वर्ष 2019 में वह शहर के एक कोचिंग सेंटर में सरकारी नौकरी की कोचिंग लेता था। इसके दौरान राजेश के साथ उसकी पहचान हो गई। दोस्ती के बाद राजेश उसे अपने घर ले गया और अपनी मां व भाई से मिलवाया। राजेश ने कहा कि उसके दोस्त अश्वनी की स्टाफ सेलेक्शन कमीशन के चेयरमैन से अच्छी जान-पहचान है। वह और अश्वनी कई लड़कों की नौकरी लगवा चुके हैं। उसे भी सरकारी नौकरी लगवाने का झांसा दिया।
उसने 2021 में एसएससी की नौकरी के लिए सीजीएल का आवेदन किया और 19 अप्रैल 2022 को पेपर दिया। राजेश ने कहा कि उसकी अश्वनी से बात हो गई है, वह पेपर पास करवा देगा। 15 लाख रुपये में नौकरी लगवाने की जिम्मेदारी ली। पेपर पास करवाने के लिए तीन लाख रुपये मांगे। झांसे में आकर तीन लाख रुपये दे दिए। दूसरा पेपर पास करवाने के लिए पांच लाख रुपये और ले लिए। 20 अक्तूबर 2022 को बताया कि तुम्हारा दूसरा पेपर भी पास हो गया है।
पेपर में पास होने वालों की लिस्ट भेजी, जिसमें उसका भी रोल नंबर था। 10 दिन बाद पांच लाख रुपये और ले लिए। इसके बाद चयन होने की तीसरी लिस्ट भी भेज दी। जब एसएससी की ओर से उम्मीदवारों के पास डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन का नोटिस आया तो उसमें उसका नाम नहीं था।
उसने बात की तो आरोपी ने मां व भाई के पास बैठाकर कहा कि उसने बुआ के लड़के गुरमीत से कंप्यूटर में फर्जी लिस्ट तैयार करवाई थी। रुपये मांगे तो आरोपियों ने 15 लाख का चेक दिया जो बाउंस हो गया। उसके बाद जान से मारने की धमकी देने लगे। थाना सिविल लाइन में मामला दर्ज कराया था। आरोपी के कब्जे से 50 हजार रुपये और वारदात में प्रयुक्त फोन बरामद किया है। न्यायालय के आदेश पर आरोपी को जेल भेजा गया है।