संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिले में पराली जलाने वाले किसानों पर सख्ती जारी है। इसी कड़ी में दो दिन के बाद फिर से पराली जलाने का एक और नया मामला आया है जबकि एक और किसान को गिरफ्तार किया गया है। यह गिरफ्तारी सरकारी आदेशों की अवहेलना करने पर थाना पूंडरी पुलिस ने की है। पीएसआई दीपक सिंह ने हजवाना निवासी आरोपी लेखराज को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि कृषि अधिकारी की शिकायत के अनुसार आरोपी लेखराज ने गत 19 अक्तूबर को पराली के अवशेष जलाकर सरकारी आदेशों की अवहेलना की थी। थाना पूंडरी में यह केस दर्ज किया गया था। पुलिस की ओर से नियमानुसार आगामी कार्रवाई की जा रही है।
उधर, एसपी राजेश कालिया ने किसानों से अपील की कि कोई भी पराली के अवशेष ना जलाए। फसल के अवशेष ना जलाकर पर्यावरण को साफ-स्वच्छ बनाए रखने में सहयोग करें। एसपी ने कहा कि अगर कोई फसल अवशेष जलाता पाया जाता है तो उसके विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
गौरतलब है कि अब तक कृषि विभाग ने पराली जलाने पर दो लाख 90 हजार रुपये का जुर्माना किसानों पर लगाया गया है। जिसमे से कृषि विभाग की ओर से दो लाख 20 हजार रुपये के जुर्माने की रिकवरी भी कर ली गई है। किसानों को जागरूक करने के लिए जागरूकता वाहन गांव-गांव जा रहे हैं। किसानों को सरकार द्वारा कृषि यंत्र उपलब्ध करवाए जा रहे हैं, ताकि वे फसल अवशेषों का सही से प्रबंधन कर सके।
वहीं, जिले में पराली जलाने को लेकर 113 चालान किये गये है। इसके अलावा 96 किसानों पर एफआईआर दर्ज की जा चुकी है। अब तक कृषि विभाग ने 125 किसानों के खिलाफ रेड एंट्री की है। अभी तक पूरे जिले में एक महिला सहित 30 से अधिक किसानों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के उप-निदेशक डॉ. बाबू लाल ने डीसी को अवगत करवाया कि अब तक हरसेक के माध्यम से 181 पराली जलाने के मामले सामने आए हैं। किसानों पर दो लाख 90 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है और 125 मामलों में मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल के रिकॉर्ड में रेड एंट्री दर्ज की गई है।