संवाद न्यूज एजेंसी
पूंडरी। डीएवी पब्लिक स्कूल पूंडरी में प्राचार्य साधना बक्शी के निर्देशन में आयोजित एनएसएस कैंप के दूसरे दिन ज्ञान, तकनीक और संस्कारों का प्रभावी संगम देखने को मिला। इस अवसर पर स्कूल के आईटी सेल विभागाध्यक्ष नरेश मिगलानी तथा गायत्री मंत्र के विद्वान भूपेंद्र रोहिल्ला विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम अधिकारी अमित कुमार ने अतिथियों का स्वागत किया।
कार्यक्रम की शुरुआत में नरेश मिगलानी ने सूचना प्रौद्योगिकी के जीवन में महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आधुनिक युग में आईटी हमारे दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बन चुकी है। शिक्षा, व्यापार, बैंकिंग, स्वास्थ्य, संचार और मनोरंजन सहित प्रत्येक क्षेत्र में सूचना प्रौद्योगिकी ने कार्यों को तेज, सरल और प्रभावी बनाया है। ई-मेल, व्हाट्सएप और वीडियो कॉल के माध्यम से त्वरित संपर्क संभव हुआ है, वहीं ऑनलाइन कक्षाएं, ई-लर्निंग और डिजिटल लाइब्रेरी के माध्यम से ज्ञान अब पहले से कहीं अधिक सुलभ हुआ है। उन्होंने बताया कि ई-कॉमर्स, ऑनलाइन बैंकिंग और डिजिटल प्लेटफॉर्म के कारण रोजगार के नए अवसर भी सृजित हुए हैं।
हालांकि, उन्होंने आईटी के दुष्प्रभावों की ओर भी ध्यान दिलाते हुए कहा कि अत्यधिक स्क्रीन टाइम से आंखों, नींद और मानसिक स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। इसके साथ ही साइबर अपराध, ऑनलाइन ठगी और डाटा चोरी जैसी समस्याएं भी तेजी से बढ़ रही हैं। उन्होंने कहा कि सूचना प्रौद्योगिकी ने जीवन को सुविधाजनक और उन्नत बनाया है, लेकिन इसके सुरक्षित और संतुलित उपयोग के लिए सतर्कता अत्यंत आवश्यक है। भूपेंद्र रोहिल्ला ने गायत्री मंत्र के महत्व पर चर्चा करते हुए कहा कि गायत्री मंत्र केवल एक मंत्र नहीं, बल्कि जीवन को उज्ज्वल, पवित्र और सफल बनाने का एक प्रभावशाली साधन है। उन्होंने स्वयंसेवकों से प्रतिदिन गायत्री मंत्र का जाप करने का आह्वान किया। इस अवसर पर अध्यापक विजय कुमार एवं नरेंद्र भी उपस्थित रहे।तकनीक, संस्कार और खेलों का दिखा संगम