हवन में आहुति डालते योग साधक। स्वयं
कैथल। पतंजलि योगपीठ हरिद्वार महिला समिति की ओर से जाट काॅलेज में आयोजित 15 दिवसीय सहयोग प्रशिक्षण शिविर के समापन पर सोमवार को 21 कुंडीय हवन यज्ञ का आयोजन किया गया। हवन के मुख्य यजमान के रूप में आर्य समाज के प्रधान प्रद्युमन रहे।
हवन में महर्षि वाल्मीकि संस्कृत विश्वविद्यालय कैथल के प्रो. रमा मिश्रा ने विधिवत मंत्रोच्चारण किया। हवन यज्ञ में शहरभर से योग साधकों के साथ-साथ अन्य प्रबुद्ध वर्ग ने भाग लिया।
कार्यक्रम में पतंजलि योगपीठ महिला समिति की प्रदेश प्रभारी अमर राविश ने बताया कि आज महिलाएं किसी भी क्षेत्र में पुरुषों से पीछे नहीं हैं। योग के माध्यम से भी महिलाओं ने अपनी अलग पहचान बनाई है। आज महिलाएं हर क्षेत्र में पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चल रही हैं। अमर ने कहा कि योग के माध्यम से ही आज के समय में स्वस्थ जीवन पाया जा सकता है। आज की भाग-दौड़ भरी जिंदगी और रसायनयुक्त खाने के कारण हर कोई किसी न किसी बीमारी में फंस जाता है। यदि हम नित्य प्रति योग करें तो बीमारियां हमसे कोसों दूर रहती हैं।
जिला योग शिक्षक सूबे सिंह राविश ने बताया कि इस शिविर में 15 दिन तक योग साधकों ने विभिन्न योगासन किए और उसके महत्व को जाना है। कार्यक्रम के बाद प्रशिक्षण पूर्ण करने वाले योग साधकों और अव्वल कार्य करने वालों को सम्मानित भी किया गया। इस अवसर पर निधि भट्नागर, सुनीता, वीना तंवर, सुदेश, सुनीता शर्मा, संतोष सलूजा, बबीता अग्रवाल, पदम लटकानिया, सुनीता गोयल उपस्थित रहे।
हवन में आहुति डालते योग साधक। स्वयं