गर्ल्स हॉस्टल में न चौकीदार, न ही केयरटेकर, मेस में नहीं मिली सफाई, नोटिस जारी
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल/कलायत। हरियाणा बाल संरक्षण आयोग की सदस्य रमनदीप कौर ने वीरवार को अपनी टीम के साथ गांव तितरम के जवाहर नवोदय स्कूल सहित कलायत के स्कूलों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान टीम को कई स्कूल में खामियां मिली। आयोग की टीम में अभिषेक, गोयल, संतोष, संजय कुमार, सोनू शर्मा, सुरेश गुलशन, एसएचओ दीपक, डा विरेंद्र सहित अन्य मौजूद रहे।
कक्षा में जनरेटर, डिस्पेंसरी में ऑक्सीजन सिलेंडर व मास्क खराब
सबसे पहले आयोग की सदस्य एक हॉल रूम में गई जहां विद्यार्थी परीक्षा दे रहे थे। यहीं पास लगते गेट पर जनरेटर बीचों बीच पड़ा था। जिसके चारों ओर तारें लटक रही थी। इसके बाद कक्षा के समीप स्थित डिस्पेंसरी में रमनदीप कौर पहुंची तो उन्होंने स्वास्थ्य की जांच करने वाली आरबीएस टीम के बारे पूछा तो प्रिंसिपल ने बताया कि पिछले छह माह में ऐसी कोई टीम नहीं आई है।
लाइब्रेरी में मच्छरों का आलम, लैब के यंत्र फांक रहे धूल
जब आयोग की सदस्य लाइब्रेरी की ओर पहुंची तो उन्होंने देखा कि लाइब्रेरी पर ताला लटका था। यहां किताबों को देखा और वितरण रजिस्टर को भी चेक किया। लाइब्रेरी में मच्छरों का आलम था। कैमिस्ट्री व फिजिक्स लैब में यंत्रों पर धूल चढ़ी थी।
गर्ल्स हॉस्टल में मेस में नहीं मिली सफाई
मेस व गर्ल्स हॉस्टल में सुविधाओं से संतुष्ट नहीं हुईं। जहां मेस में बनने वाले खाने में मक्खियां भिनभिना रही थी। जिस पर आयोग की सदस्य ने खाना बनाने वाले बावर्ची को फटकार लगाई। इसके बाद सदस्य ने गर्ल्स हॉस्टल का दौरा किया। वहां भी अव्यवस्थाओं का आलम था। यहां पर पीने के पानी के लिए लगी टंकी में ही छेद था और पानी बह रहा था। यहां न तो कोई चौकीदार था और न ही केयरटेकर। इसपर आयोग की टीम ने स्कूल प्रशासन को शिक्षा विभाग को नोटिस देने को कहा।
कलायत के स्कूल में लाइब्रेरी को गुरुओं ने बनाया हुआ है चाय कैंटीन
कलायत। हरियाणा राज्य बाल संरक्षण आयोग की सदस्य रमनदीप कौर के नेतृत्व में आई टीम ने कलायत के स्कूलों, झुग्गी झोंपड़ी व आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण किया। कलायत के वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के निरीक्षण के दौरान अधिकारी यह देख कर हैरान रह गई कि अध्यापकों ने पुस्तकालय को किचन में ही बदल रखा है। बच्चों के पढ़ने के लिए रखी गई टेबल का प्रयोग अध्यापकों द्वारा किचन के रूप में किया जा रहा था। मेज पर चाय बनाने का सामान, सिलेंडर तथा कप प्लेट अपनी स्थिति का खुद ही बखान कर रहे थे। स्कूल में बच्चों के बैठने के लिए टाट दरियों का टोटा साफ नजर आया जिसके कारण से बच्चे फर्श पर ही बैठे थे। बच्चों की संख्या के हिसाब से कमरों में बैंच नही पाए गए। यहां एक कक्षा के छात्र अधिकारी को दिखाने के लिए अलग अलग विषयों की ही किताबें खोले बैठे थे। कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में कम्प्यूटर लैब पूरी तरह से धूल में अंटी मिली।
रमनदीप कौर ने अधिकारियों के साथ स्लम बस्तियों का भी दौरा किया। इस दौरान पाया गया की गाड़िया लुहार स्लम बस्ती में कई बच्चे ऐसे हैं जो कि पढ़ने के लिए स्कूल नहीं जाते।
औचक निरीक्षण के दौरान आंगनबाड़ी केंद्रों में भी अनेकों खामियां पाई गईं। कलायत के दो आंगनबाड़ी केंद्रों का अधिकारी ने निरीक्षण किया पर छुट्टी हो जाने के कारण निरीक्षण कार्य प्रभावी ढंग से नहीं हो पाया।
संरक्षण आयोग सदस्य रमनदीप कौर ने कहा कि आयोग विभिन्न विभागों के अधिकारियों व कर्मचारियों में सही तालमेल बना कर गरीब परिवारों के बच्चों को शिक्षा, चिकित्सा व बालश्रम से बचाने को लेकर धरातल स्तर पर कार्य कर रहा है। उन्होंने बताया कि निरीक्षण के दौरान स्कूलों में अनेक कमियां पाई गई हैं जिनको लेकर संबंधित स्कूल इंचार्ज व शिक्षा विभाग के अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से दूर करने के निर्देश दिए गए हैं।