डेरा राजपुरी गद्दी विवाद : न्यायालय ने एसडीएम के फैसले पर लगाई मुहर
हेडिंग - गद्दी के असली हकदार महंत दूजपुरी
महंत ने की अब कब्जा दिलवाए जाने की मांग
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। गांव बाबा लदाना में डेरा बाबा राजपुरी के महंत की गद्दी के असली हकदार महंत दूजपुरी ही हैं। न्यायालय में लंबित मामले में महंत दूजपुरी के पक्ष में ही फैसला आया है। न्यायालय ने एसडीएम के फैसले पर ही मोहर लगा दी है।
विदित रहे कि गांव बाबा लदाना में स्थित डेरा बाबा राजपुरी के महंत की गद्दी को लेकर चल रहे विवाद में एसडीएम कोर्ट ने महंत दूजपुरी के पक्ष में फैसला सुनाया था। जिसमें महंत दूजपुरी को ही महंत स्वीकार किया था। लेकिन महंत के विरोधी पक्ष ने इस मामले में न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था। जिसमें सुनवाई करते हुए एडीजे विवेक नासिर की कोर्ट ने महंत दूजपुरी को ही डेरे का महंत माना है। महंत के अधिवक्ता साकेत मंगल ने उनके पक्ष में आए फैसले की पुष्टि की है। महंत दूजपुरी ने बताया कि दो बार एसडीएम कोर्ट द्वारा और अब तीसरी बार न्यायालय ने भी उनके पक्ष में फैसला दिया है। क्योंकि वे ही असली महंत हैं। दूसरा पक्ष में कुछ लोग नहीं चाहते कि वे डेरे में रहें। डेरे की कुछ लोगों द्वारा काबिज जमीन को छुड़वाने के लिए भी वे प्रयासरत हैं। इसी कारण उनका विरोध हो रहा है। अब उनकी मांग है कि जिला प्रशासन उन्हें डेरे में कब्जा दिलवाएं।
इस समय डेरे में बतौर ऑब्जर्वर तैनात नायब तहसीलदार ईश्वर सिंह ने कहा कि उन्हें अभी फैसले की प्रति नहीं मिली है। न्यायालय का फैसला मिलते ही महंत दूजपुरी को कब्जा देेने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
उधर, देवीगढ़ के डेरे के पूर्व महंत का देहांत
कैथल। देवीगढ़ रोड स्थित डेरा राजपुरी के पूर्व महंत राजकुमार उर्फ श्यामपुरी (65) का देहांत हो गया है। सिविल लाइन पुलिस को सूचना मिली थी रेलवे पुल के नीचे एक महंत का शव पड़ा है। बाद में मृतक की पहचान राजकुमार ुउर्फ श्यामपुरी के रूप में हुई।