अफसरों की कमी से शहर के विकास पर ब्रेक
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। नगर परिषद में अफसरों की कमी से शहर में विकास कार्यों को ब्रेक लग गया है। हाल यह है कि, सात महीने पहले 3 मई को हुई बैठक में पारित हुए प्रस्ताव पर अभी तक भी काम नहीं शुरू हो पाया है, हालांकि इन कार्यों के लिए परिषद की ओर से टेंडर प्रक्रिया भी लगभग पूरी हो चुकी है। लेकिन इसके बावजूद अधिकारियों की कमी शहर के विकास में खलल डाल रही है।
64 टेंडरों में से केवल 9 पर काम हुआ शुरू
बता दें कि मई में हुई हाउस की बैठक में कुल 72 कार्यों के प्रस्ताव को पारित किया गया था। जिसके लिए नगर परिषद की ओर से 64 टेंडरों की प्रक्रिया को शुरू कर उसे लगभग पूरा कर लिया गया है, लेकिन कार्य शुरू होने की अंतिम कड़ी वर्क परमिट मिलने का कार्य नहीं हो पाया है, जिस वजह से यह कार्य अटके हैं। इस कार्य की अहम कड़ी एमई का ही पद खाली है, जिससे कार्य आगे बढ़ पा रहे हैं। इनमें से केवल 9 टेंडरों के ही वर्क परमिट ही मिले हैं। जिस पर कार्य शुरू हुआ है।
यह कार्य हुए हैं शुरू
मई की हाउस की बैठक में पारित हुए प्रस्ताव में से वार्ड नंबर एक में 4.50 लाख, वार्ड नंबर तीन में 2.30 लाख, वार्ड नंबर छह में डी प्लान के तहत 17.11 लाख, वार्ड नंबर 11 में 10 लाख, वार्ड न ंबर 13 में 5.13 लाख, वार्ड नंबर 15 में 2.30 लाख, वार्ड नंबर 18 में 2.65 लाख, पार्ड नंबर 18 में 2.65 लाख व वार्ड नंबर 30 में डी प्लान के तहत 5 लाख रुपये के कार्य नगर परिषद द्वारा कराए गए हैं। यह सभी कार्य गली के निर्माण व उसकी रिपेयरिंग के संबध में हुए हैं।
बैठक में यह प्रस्ताव हुए थे पारित:-
ऐतिहासिक बावड़ी सहित नवग्रह कुंडो के जीर्णोद्धार पर 10-10 लाख रुपये खर्च की मंजूरी।
पार्षदों के घरों के बाहर व गलियों में 10 लाख रुपये की लागत से सूचना पट्ट लगाना।
शहर में 10 लाख की लागत से महिलाओं व बुजुर्गों के बैठने के लिए कुर्सियों को स्थापित करना
कचरा प्रंबधन के लिए 8 वाहनों को खरीदने की मंजूरी।
जवाहर पार्क में ओपन एयर जिम के लिए 5 लाख रुपये की मंजूरी।
पुरानी सब्जी मंडी में 12 लाख रुपये की लागत से ई-टायलेट।
शहर में 6 जगहों पर शौचालयों के रख रखाव 22 लाख रुपये खर्च का प्रावधान।
शहर की मुख्य सड़कों पर स्वागत द्वार के लिए 10 लाख रुपये।
गुरुद्वारा मंजी साहिब और माता गेट पर हाईमास्ट लगवाए जाने का प्रस्ताव।
भारी वाहनों पर रोक लगाने के लिए बैरिकेड लगवाने का प्रस्ताव सहित कुल 72 कार्यों को बैठक मंजूरी दी गई थी।
नगर परिषद में इन कर्मचारियों की सीटें हैं खाली:-
नगर परिषद में कार्यकारी अभियंता का पद पिछले एक साल से खाली है। इसके साथ ही एमई के दोनो पद खाली हैं। चीका नगर पालिका के एमई कैथल में अतिरिक्त कार्यभार संभाल रहे हैं। बिल्डिंग इंस्पेक्टर का पद खाली है। इस पद पर पानीपत के बिल्डिंग इंस्पेक्टर कार्य संभाल रहे हैं। ड्राफ्टमैन पर आउटसोर्सिंग का कर्मचारी कार्य कर रहा है। अकाउंटेंट का पद खाली है इस पद पर सहायक क्लर्क काम देख रहे हैं। हाउस टैक्स ब्रांच में मुख्य अधिकारी का पद खाली है। इस पर निरीक्षक कार्य देख रहे हैं। सफाई ब्रांच में मुख्य सफाई निरीक्षक का पद खाली है जिस पर सफाई निरीक्षक काम संभाल रहे हैं। डोमिसाइल प्रमाण पत्र शाखा में शाखा में दो पद स्वीकृत हैं जिस पर आउटसोर्सिंग के तहत कर्मचारी काम कर रहे हैं।
अधिकारियों की कमी से कार्यों की गति धीमी
नगर परिषद में अधिकारियों के पदों के रिक्त पदों की सूचना हेड आफिस में दे दी गई है। अधिकारियों की कमी के कारण शहर में होने वाले कार्य में थोड़ी देरी होती है। लेकिन ऐसा नहीं है कि शहर का विकास रुका हुआ है।
विक्रम कुमार, ईओ, कैथल।