जिले में डेंगू व मलेरिया के मौसम में एंटी लारवा दवा का छिड़काव प्रभावित
बहुद्देश्यीय स्वास्थ्य कर्मचारी एसोसिएशन की हड़ताल जारी
-ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित अस्पतालों में चिकित्सीय सेवाओं पर भी असर
फोटो संख्या-25
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। बहुद्देश्यीय स्वास्थ्य कर्मचारी एसोसिएशन की हड़ताल लगातार छठे दिन भी जारी रही। हड़ताल के चलते स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। डेंगू व मलेरिया के मौसम में मच्छर मारने वाली दवा का छिड़काव कार्य ठप होने सहित सामुदायिक व उप-सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में भी काम काज पर असर हो रहा है।
छठे दिन के धरने की अध्यक्षता जिला प्रधान जोगिंदर सिंह द्वारा की गई। मंच संचालन जिला प्रेस प्रवक्ता श्रवण करोड़ा द्वारा किया गया। कर्मचारी नेता बसंती देवी, सुदेश आर्य, सुषमा राणा, जगजीत कौर, सुमित्रा ने संयुक्त रूप से कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहां की सरकार हमारी मांगों को मानने की बजाय तानाशाही रवैया अपनाए हुए हैं जिसके चलते हरियाणा सरकार द्वारा एस्मा जैसी धाराएं कर्मचारियों पर लगाई हैं। आरसीएच की बहनों को टर्मिनेशन का डर दिखाकर आंदोलन को दबाने की कोशिश की जा रही है। जिसका एसोसिएशन कड़े शब्दों में निंदा करती है और सरकार को चेतावनी देती है की आरसीएच की बहनों को इस तरह के पत्रों से और धाराओं से डराने का प्रयास न करें। जल्द से जल्द हमारी मुख्य मांगे बहुद्देश्यीय स्वास्थ्य कर्मचारी को तकनीकी घोषित करना, 4200 ग्रेड पे लागू करना, आरसीएच की बहनों और स्वास्थ्य कार्यकर्ता पुरुषों का वर्दी भत्ता लागू करना, आरसीएच की बहनों को 2 वर्ष के सेवाकाल के बाद नियमित करना की अधिसूचना जारी की जाए नहीं तो बहुद्देश्यीय स्वास्थ्य कर्मचारी लगातार अनिश्चितकालीन हड़ताल पर रहेंगे और जनता को होने वाले परेशानियों की सारी जिम्मेवारी हरियाणा सरकार की रहेगी।
माजरा पहुंचे धरने पर समर्थन देने : इंडियन नेशनल लोकदल के नेता व पूर्व मुख्य संसदीय सचिव रामपाल माजरा द्वारा कर्मचारियों की जायज मांगों का समर्थन किया और कर्मचारियों से वादा किया कि आप की सभी जायज मांगों को हमारी पार्टी आगामी 7 सितंबर से शुरू होने वाले विधानसभा सत्र में मुख्य रूप से उठाएगी। ओर सरकार द्वारा कर्मचारियों के आंदोलन को दबाने के लिए एस्मा जैसी धाराओं की कठोर शब्दों में निंदा की।
इस अवसर पर सर्व कर्मचारी संघ उप प्रधान ओमपाल भाल, पूर्व प्रधान सतपाल राविश, जितेंद्र, कर्मचारी नेता सुमित गिल, सुषमा मूंदड़ी, देवी रानी कलायत, रामदिया गुहला व अन्य कर्मचारी नेता मौजूद थे।