शहीदों को किया नमन
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। कमेटी चौक स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में जिला प्रशासन जिला सैनिक बोर्ड के सहयोग से हरियाणा वीर एवं शहीदी दिवस पर जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया। जिसमें मुख्य अतिथि के तौर पर एसडीएम कमलप्रीत कौर ने शिरकत की। कमलप्रीत कौर ने कहा कि देश की एकता व अखंडता को बनाए रखने के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीर शहीद हमेशा हमारी यादों में बने रहेंगे। युवाओं को ऐसे वीर शहीदों से देशभक्ति व राष्ट्र प्रेम की प्रेरणा लेकर राष्ट्र को मजबूत करने के लिए सकारात्मक दिशा में कार्य करने की जरूरत है। वीर शहीदों एवं स्वतंत्रता सेनानियों के सपनों को भारत के निर्माण करें। कमलप्रीत कौर ने शहीदी स्मारक तथा कार्यक्रम स्थल पर शहीदों के तैल चित्रों पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कार्यक्रम में तीन स्वतंत्रता सेनानियों की विरांगनाओं, पांच युद्ध विरांगनाओं तथा तीन वीरता पुरस्कार प्राप्त करने वाले भूतपूर्व सैनिकों को शॉल भेंट कर सम्मानित किया। सम्मान प्राप्त करने वालों में नरड़ निवासी फूल्ला देवी एवं चावली देवी, फतेहपुर निवासी सरबती देवी, राजौंद निवासी सावित्री देवी, नैना निवासी छोटो देवी, जाखौली निवासी विद्यावती, कक्योर माजरा निवासी लखविंद्र कौर, फ्रांसवाला निवासी भूरो देवी, बंदराना निवासी हवलदार अनंत राम, बरसाना निवासी लांस नायक चमेल सिंह तथा स्थानीय हुडा सैक्टर 21 निवासी सुबेदार सरदारा सिंह शामिल रहे। कमलप्रीत कौर ने वीर शहीदों के परिजनों को सलाम करते हुए कहा कि अपने परिजनों को देश की एकता व अखंडता की रक्षा के लिए सरहदों पर भेजने का निर्णय लेना अपने आपमें बहुत बड़ी बात है। अपने कलेजे के टुकड़ों को घर परिवार से दूर देश की सीमा की रक्षा के लिए भेजने का कार्य साहसिक कार्य है।
जिला शिक्षा अधिकारी श्री शमशेर सिंह सिरोही आए हुए लोगों का स्वागत किया। जिला सैनिक बोर्ड के कल्याण संगठक बाबू राम ने उपस्थितगण का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राव तुलाराम ने 34 वर्ष की अल्प आयु में देश की स्वतंत्रता के प्रथम संग्राम में महत्वपूर्ण योगदान दिया था। उन्होंने कहा कि गत कारगिल युद्ध में शहीद होने वाले 527 सैनिकों में से लगभग एक चौथाई सैनिक हरियाणा प्रदेश के सैनिक थे। हरियाणा के सैनिकों ने हमेशा देश की एकता व अखंडता की रक्षा के साथ-साथ प्राकृतिक आपदाओं एवं आंतरिक शांति व्यवस्था कायम करने के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
भूतपूर्व सूबेदार मेजर रमेश ने कहा कि देश के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम की शुरूआत हरृियाणा से ही हुई थी। देश पर कुर्बान होने वाले वीर जवानों तथा उनके परिजनों का यह राष्ट्र हमेशा ऋणी रहेगा।
इस अवसर पर प्रधानाचार्य बिमला सिरोही, रामपाल शर्मा, सुरेश गुलशन, सतीश ढुल, जितेंद्र पुरी, हरदयाल अरोड़ा, अमरजीत सिंह, सुंदर, राकेश मल्होत्रा, नगर परिषद के एमई हिमांशु लाटका, सूबेदार राम सिंह सहित अन्य संबंधित अधिकारी, एनएसएस एवं एनसीसी के विद्यार्थी मौजूद रहे।
हमारा रक्त किसी दूसरे की जान को बचा सकता है: अमरेंद्र सिंह
फोटो नंबर-36
सीवन। गांव कांगथली के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल में वीर शहीदी दिवस के उपलक्ष्य में शहीद सुरेंद्र सिंह जन कल्याण ट्रस्ट एवं युवा ब्लड डोनेशन सोसायटी द्वारा शहीदों की शहादत में पांचवां रक्तदान शिविर लगाया गया। इस शिविर के मुख्यातिथि मुख्यमंत्री के ओएसडी अमरेंद्र सिंह व विशिष्ट अतिथि के रूप में रैडक्रास सोसायटी के चेयरमैन डा. मुकेश अग्रवाल रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता विनोद पाल ने की। ओएसडी अमरेंद्र सिंह ने कहा कि शहीदों का ऋण हम कभी भी नहीं उतार सकते हैं। शहीदों के बलिदान से ही हम खुली हवा में सांस ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि रक्त का कोई भी विकल्प नहीं है। हमारे द्वारा दिया गया रक्त किसी दूसरे की जान बचा सकता है। मुख्यातिथि व अन्यों ने शहीद की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए। उन्होंने शहीद सुरेंद्र सिंह के सुपुत्र जितेंद्र सिंह को सम्मानित भी किया। इस अवसर पर ट्रस्ट केे अध्यक्ष गुरमेल सिंह ने सभी अतिथियों को शाल व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस शिविर में 75 यूनिट रक्त जमा किया गया। इस अवसर पर स्कूल के प्राचार्य डा. अशोक कुमार, प्राध्यापक लक्ष्मण कामरा, हरपाल सिंह पंच, डा. राजकुमार, वेद प्रकाश, सूरज, डा. ओमता राम, मनीष राणा, डा. पवन, गुरचरण व बिट्टू सहित काफी संख्या में गणमान्य व्यक्ति व स्कूल स्टाफ के सदस्य उपस्थित रहे।