पीआर धान की खरीद सुचारू रूप से खरीद शुरू न होने पर भड़के किसान
फोटो नंबर-28
अमर उजाला ब्यूरो
पूंडरी। पीआर धान की खरीद सुचारू रूप से खरीद न शुरू होने पर शनिवार को लगातार चौथे दिन भी किसानों का गुस्सा भड़का। जिसके बाद किसानों ने हैफेड कार्यालय पर ताला जड़ दिया। किसानों में इतना गुस्सा था कि वे कुछ भी करने को तैयार थे।
इससे पूर्व किसानों ने भारतीय किसान संघ के रणदीप आर्य व गुलतान नैन के नेतृत्व में किसान भवन में अनाज मंडी के नोडल अधिकारी एवं तहसीलदार सुरेश कुमार को अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन सौंपने के पश्चात किसान भारी संख्या में एकत्रित होकर नोडल अधिकारी के साथ हैफेड कार्यालय में पहुंचे, पहले तो किसान अधिकारियों से बात करते रहे, लेकिन जब वे नोडल अधिकारी और विभाग के अधिकारियों की बातों से संतुष्ट नहीं हुए तो उन्होंने हारकर विभाग के गेट पर दोपहर के 1.20 मिनट पर ताला लगा दिया और जब 5 मिनट बाद किसानों ने ताला खोला और अधिकारियों से बात करनी चाही तो देखा कि गेट के अंदर से ही अधिकारियों ने कुंडी लगा ली है और पता चला कि सभी अधिकारी पिछले गेट से निकल लिए हैं। रणदीप आर्य ने कहा कि जब अधिकारी ही किसानों के साथ ऐसा कर रहे हैं तो किसान जाए तो कहां जाए और अधिकारियों का पिछले गेट से निकलना यह साबित करता है कि अधिकारी ही किसानों के धान को लूटवाने में लगे हैं।
किसानों की भीड़ को देखकर शुरू हुई बोली : जैसे ही किसान पीआर धान की खरीद करवाने के लिए हैफेड कार्यालय में पहुंचे तो वहां जवाब मिला कि खरीद अधिकारी खरीद करने के लिए मंडी में गए हुए हैं। किसानों ने कहा कि अभी तक तो खरीद शुरू नहीं हुई थी अच्छा हमें देखकर अधिकारी खरीद करने चला गया। उन्होंने बताया कि वे कल भी जब आए थे तो उन्हें आश्वासन दिया गया था।
मांगे पूरी न होने पर लगाएंगे जाम : किसान इस बात पर अड़े रहे कि हमें लिखित आश्वासन दो कि बोली प्रतिदिन हुआ करेगी, लेकिन जब उनकी न चली तो वे हारकर वहां से चले गए और कहकर गए कि अगर कल भी बोली न हुई तो वे कैथल-करनाल मार्ग पर जाम लगा देंगे, जिसकी जिम्मेवारी विभाग के अधिकारियों की होगी और फिर वे किसी की नहीं सुनेंगे।
किसानों ने कहा कि किसानों का एक शिष्टमंडल जल्द हैफेड विभाग के इंस्पेक्टर संदीप कुमार के तबादले व खरीदी गई धान की जांच की मांग को लेकर मुख्यमंत्री से मिलेगा। इस मौके पर अजीत सिंह हाबड़ी, श्रीराम मोहना, रामदिया नंबरदार मोहना, रिसाला टयौंठा, सतीश ग्योंग, बलबीर सिंह, जसवंत सिंह, बलजीत सिंह, कृष्ण मोहना, नसीब सिंह, सुरेश कुमार, जिले सिंह, सूरजभान, मगनी गुर्जर म्यौली सहित अन्य किसान मौजूद रहे।