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गरीब परिवार के घर पहुंचा दो महीने का 33 हजार 105 रुपये का बिल

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गरीब परिवार के घर पहुंचा दो महीने का 33 हजार 105 रुपये का बिल
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फोटो नंबर-39
अमर उजाला ब्यूरो
कलायत। कर्मचारियों द्वारा बिजली बिलों में की जा रही मनमानी रुकने का नाम नहीं ले रही है। कस्बे के वार्ड नंबर एक निवासी तरसेम ने जब अपने घर का बिजली बिल देखा तो उसके रोंगटे खड़े हो गए। उन्होंने बताया कि उसने सितंबर 2018 तक बिल भरा हुआ है। अगले दो महीनों अक्तूबर व नवंबर महीने का 33 हजार 105 रुपये का बिल जब उसके घर पहुंचा तो वह बिल की इतनी बड़ी राशि को देखकर हैरान रह गया। उसे विश्वास ही नहीं हो रहा था कि पिछले दो महीनों का बिल भरने के बावजूद इतनी बड़ी राशि का बिल उसके घर कैसे पहुंचा। उसने बताया कि वह एक गरीब मजदूर है। रंग रोगन का कार्य कर वह अपने परिवार का गुजारा कर रहा है। मेरे घर में केवल दो बल्ब व एक पंखा ही चलता है। मेरे घर में अतिरिक्त कोई बिजली खपत नहीं होती है। फिर भी बिजली विभाग ने इतनी बड़ी राशि का बिल मेरे हाथ में थमा दिया जिसको देखकर मेरी पत्नी सदमे में है। उन्होंने उसका बिल ठीक करने व बिजली विभाग के कर्र्मचारियों द्वारा की जा रही लापरवाही पर कार्यवाही करने की मांग की है ताकि भविष्य में बिजली उपभोक्ताओं को बेवजह परेशान न किया जाए।
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