जींद। श्रीलंका के कोलंबो में हुई छठी साउथ एशियन कराटे प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक विजेता प्रतिष्ठा कौशिक का सोमवार को गांव में पहुंचने पर सम्मानित किया गया।
कोच कृष्ण सिंगरोहा ने बताया इस प्रतियोगिता में भारत, पाकिस्तान, भूटान, बांग्लादेश, नेपाल, अफ गानिस्तान और श्रीलंका के खिलाड़ियों ने भाग लिया। प्रतिष्ठा ने सभी खिलाड़ियों को पछाड़ते हुए फाइनल मुकाबले में श्रीलंका के खिलाड़ी को 11-3 से हराते हुए स्वर्ण पदक जीता। प्रतिष्ठा कौशिक बचपन से ही कराटे की प्रैक्टिस कर रही है। वह अब चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी मोहाली से ग्रेजुएशन कर रही है। पहले भी कई बार राष्ट्रीय स्तर पर पदक जीत चुकी है। मार्च महीने में आयोजित खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स में भी प्रतिष्ठा ने पदक जीता था। पुणे में आयोजित हुई राष्ट्रीय कराटे प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता था। जिसके आधार पर प्रतिष्ठा का चयन भारतीय टीम में हुआ था। गांव में पहुंचने पर खिलाड़ी के स्वागत में उचाना थाने से लेकर गांव अलीपुरा तक भव्य रोड शो निकाला गया। खिलाड़ी की इस उपलब्धि को गांव के नवनियुक्त सरपंच बलबीर शर्मा ने गांव व कस्बों के लिए प्रेरणा बताकर अन्य बेटियों को भी खेलों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर प्रतिष्ठा कौशिक का पिता अशोक शर्मा, रामशर्मा, संत नारायण, संदीप, सुरेंद्र, राजेंद्र मौजूद रहे।