जींद। शिव कॉलोनी के अक्षर भवन में रिटायर्ड कर्मचारी संघ की जिला स्तरीय बैठक जिला प्रधान विक्रम सिंह की अध्यक्षता में हुई।
इसका संचालन जिला सचिव राजकुमार श्योकंद ने किया। यहां राज्य उपप्रधान छाजू नैन ने कहा कि भाजपा सरकार ने 25 मार्च को संसद में वित्त विधेयक पारित करके 31 दिसंबर 2025 से पहले सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों को 8वें वेतन आयोग का लाभ नहीं देने का प्रावधान किया है। देश के रिटायर्ड पेंशनर्स इस निर्णय का कड़ा विरोध करते हैं और बैठक के माध्यम से सरकार के इस निर्णय की निंदा करते हैं। वह मांग करते हैं कि सरकार 8वें वेतन आयोग की टर्म्स ऑफ रेफरेंस में निर्देश दें कि वह रिटायर्ड लोगों को भी आठवें वेतन आयोग का लाभ दे।
उन्होंने कहा कि सरकार 31 दिसंबर 2025 से पहले सेवानिवृत्त होने वाले और एक जनवरी 2026 के बाद सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों के दो वर्ग बना कर एक वर्ग को लाभ नहीं देना चाहती। इसके विरोध में देशभर के जिला मुख्यालयों पर 22 अप्रैल को प्रदर्शन करते हुए केंद्रीय वित्त मंत्री के नाम ज्ञापन दिए जाएंगे। जिला प्रधान विक्रम सिंह ने कहा कि उनकी प्रमुख मांगों में 65 वर्ष की आयु पर 10 फीसदी और 75 वर्ष की आयु पर 20 फीसदी बेसिक पेंशन में वृद्धि की जाए। सभी रिटायर्ड कर्मचारियों को ब्लॉक ईयर के प्रथम साल में एलटीसी दी जाए।
सभी फैमिली पेंशनर्स को भी एलटीसी का लाभ दिया जाए। कोरोनाकाल का 18 महीनों का रोके गए डीए का बकाया जारी किया जाए। सभी सरकारी अस्पतालों की हालत सुधार कर कैशलेस मेडिकल सुविधा प्रदान की जाए। हरियाणा में चलने वाली सभी बसों में किराए में 50 फीसदी छूट दी जाए।