जींद। गेहूं खरीद के नए नियम के खिलाफ आढ़तियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल का असर नहीं पड़ा। तकरीबन 300 गेट पास कटे। साथ ही करीब 31 हजार क्विंटल गेहूं लेकर किसान मंडी पहुंचे।
कपास मंडी गेट, हाईवे स्थित अतिरिक्त मंडी के गेट पर ताले जो शनिवार को लगाए थे वो उन गेटों पर असर था। आढ़तियों ने टेंट मंडी गेट के पास जरूर लगाया लेकिन इनकी संख्या कम थी। किसान संगठनों द्वारा गेहूं के नियमों को लेकर जरूर मार्केट कमेटी कार्यालय के सामने धरना शुरू किया गया। किसान नेताओं ने कहा कि यदि नियम नहीं बदले गए तो वह गेट पास नहीं कटने देंगे।
गेहूं की फसल लेकर आने वाले किसानों ने कहा कि जो नियम बनाए गए है उससे शुरूआत में उन्हें किसी तरह की परेशानी नहीं हुई है। मार्केट कमेटी चेयरमैन सुरेंद्र खरकभूरा निरंतर खरीद को लेकर जो इंतजाम किए गए है उनका जायजा लेते नजर आए। इनेलो हलकाध्यक्ष बिल्लू पेगां भी टीम के साथ मंडी का दौरा करने पहुंचे।
दुर्जनपुर के किसान जिले सिंह ने कहा कि वह गेहूं की ट्राॅली लेकर मंडी पहुंचे तो कुछ मिनट में ही उसका गेट पास कटने सहित जो नए नियम है उसकी प्रक्रिया पूरी हो गई। किसी तरह की परेशानी नहीं हुई है। किसान बंशी कुचराना, सुखबीर करसिंधु ने कहा कि नए नियमों से परेशानी किसानों की बढ़ी है। हलकाध्यक्ष बिल्लू पेगां ने कहा कि इनेलो द्वारा हर मंडी में किसान कष्ट निवारण केंद्र खोले गए है। कहा कि इनेलो किसानों के साथ है। इंसेअ
कुछ ही देर में पूरी हो जाती है प्रक्रिया
नरवाना मंडी सुपरवाइजर राजबीर ने कहा कि किसान गेहूं लेकर आ रहे हैं। कुछ ही देर में सभी प्रक्रिया पूरी कर दी जा रही हैं। किसानों को किसी तरह की परेशानी नहीं होने दी जा रही है। चार प्वाइंट अतिरिक्त मंडी में बनाए गए हैं तो तीन पुरानी मंडी में हैं। किसान फसल को जल्दी से जल्दी बेचना चाहते हैं। विपक्ष किसानों को उकसा रहा है।
05जेएनडी20: पुरानी मंडी मार्केटी कमेटी कार्यालय के बाहर धरना देते हुए किसान संगठन। स्रोत कार्यक
05जेएनडी20: पुरानी मंडी मार्केटी कमेटी कार्यालय के बाहर धरना देते हुए किसान संगठन। स्रोत कार्यक