फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पितृपक्ष के बाद बाजार में बढ़ी रौनक, अगले महीने में रफ्तार पकड़ेगा कारोबार

विज्ञापन
कपड़ों की खरीदारी के लिए पहुंची महिलाएं। - फोटो : Jind
विज्ञापन
कोरोना संक्रमण के चलते लॉकडाउन और फिर पितृपक्ष के बाद अब धीरे-धीरे बाजार में रौनक लौटने लगी है। हालांकि पिछले कुछ सालों के मुकाबले इस बार काम आधा ही है। व्यापारियों का मानना है कि अधिक मास के कारण अभी तक लोग खरीदारी नहीं करने लगे हैं। वहीं कारोनो महामारी के चलते लोगों में आर्थिक असुरक्षा भी है। इसके बावजूद अगले महीने करवा चौथ के आसपास बाजारों में कारोबार पूरी तरह से खुलने की संभावना है।
विज्ञापन

व्यापारियों की मानें तो जींद शहर में करीब सात हजार दुकान हैं। पिछले कुछ सालों में पितृपक्ष के बाद करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये का कारोबार प्रतिदिन होता था, लेकिन इस बार यह करीब ढाई करोड़ रुपये प्रतिदिन तक ही सिमटा हुआ है। इसका मुख्य कारण अधिक मास है। हालांकि पितृपक्ष के बाद बाजार में कारोबार में कुछ उछाल है, लेकिन अभी उम्मीदों के अनुसार नहीं है।
इन कारोबारों पर पड़ेगा सीधा असर
शहर में मुख्यतौर पर कपड़े की 200, रेडीमेड गारमेंट्स की 350, ज्वेलरी की 350, जनरल स्टोर व कॉस्मेटिक की 50 व जूतों की 100 दुकानें हैं। इन पर ही पितृपक्ष में अधिक असर पड़ता है। अब करवा चौथ के आसपास इन पर व्यापार बढ़ने की संभावना है।
विज्ञापन

अधिक जरूरत की खरीदारी
फिलहाल लोग अधिक जरूरत की खरीदारी ही कर रहे हैं। हालांकि पितृपक्ष के बाद बाजार में कुछ काम शुरू हुआ है, लेकिन अभी गति नहीं पकड़ी है। ऐसे में अगले महीने में काम सुचारु होने की उम्मीद है।
राजेंद्र, कपड़ा व्यापारी।
कोरोना के चलते पिट गया सीजन
मुख्य काम गर्मियों के कपड़ों का ही होता है, लेकिन कोरोना के चलते इस साल गर्मियों के मौसम में काम नहीं हो सका। जिस समय लॉकडाउन लगा, व्यापारी गर्मियों का माल खरीद चुके थे, लेकिन वह बेच नहीं पाए। इससे काफी नुकसान हुआ है।
अभिषेक शर्मा।
अगले महीने में बाजार सामान्य होने की उम्मीद
महामारी के चलते बाजार पूरी तरह से ठप हो गया था, लेकिन अब इसमें थोड़ी जान आई है। ऐसे में अगले महीने में बाजार पूरी तरह से खुल जाएंगे और कारोबार सामान्य होगा। अभी तक पिछले साल के मुकाबले काम आधे ही हैं।
विज्ञापन

गुलशन, व्यापारी

एक दुकान पर कपड़े खरीदतीं महिलाएं।- फोटो : Jind

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें