संवाद न्यूज एजेंसी
जींद। रोडवेज डिपो में आई ई-टिकटिंग मशीनों ने परिचालकों का गणित बिगाड़ दिया है। यह मशीनें परिचालकों के लिए जी का जंजाल बन गई हैं। ई-टिकटिंग मशीनों में राउंड फीगर अनुसार किराया अपडेट नहीं किया गया है, जिससे परिचालकों को भारी परेशानी आ रही है। वह यात्री को तय किराये अनुसार टिकट भी नहीं दे सकते। इससे रोडवेज डिपो को भी आर्थिक नुकसान हो रहा है। ई-टिकटिंग मशीनों की विशेष बात यह है कि इनमें 15 रुपये से कम का किराया ही अपडेट नहीं है। ऐसे में जहां भी टिकट दस रुपये की लगती है तो परिचालक उस यात्री को दस रुपये किराया लेकर टिकट नहीं दे पाता। इस तरह की नौबत हर रूट पर आ रही है, जिससे परिचालकों और यात्रियों के बीच लड़ाई-झगड़ा होने की लगातार घटनाएं हो रही हैं। रोज-रोज के लड़ाई-झगड़ों से परिचालक भी तंग आ गए हैं, उनके अनुसार या तो ई-टिकटिंग मशीनों में किराया अपडेट किया जाए या फिर मैनुअल टिकट ही काटने के आदेश जारी किए जाएं, जिससे परिचालकों और यात्रियों के बीच किराये को लेकर लड़ाई-झगड़ा न हो तथा दोनों के बीच समन्वय बना रहे।
रोहतक और नरवाना रोड पर आ रही ज्यादा दिक्कत
शहर से रोहतक और नरवाना रोड पर चलने वाले परिचालकों को ज्यादा दिक्कतें आ रही है। रोहतक रोड पर पहला स्टॉप किनाना गांव है और वहीं नरवाना रोड पर शुगर मिल है, जिनका किराया 15 रुपये है। ई-टिकटिंग मशीन में भी स्टॉप अनुसार टिकट 15 रुपये है। जब कोई यात्री अड्डे से बस में सवार होकर इन दोनों स्टॉप के बीच उतरता है तो किराया दस रुपये बनता है लेकिन ई-टिकटिंग मशीन में दस रुपये की टिकट नहीं है। वहीं यात्री भी दस की जगह 15 रुपये किराये के रूप में नहीं वहन करता। ऐसे में यात्रियों और परिचालकों के बीच किराये को लेकर अक्सर अनबन होती है, जिससे परिचालकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
ई-टिकटिंग मशीन में जींद से रोहतक, जींद से नरवाना मार्ग पर कम से कम किराया 15 रुपये है लेकिन ई-टिकटिंग मशीन में स्टॉप के हिसाब से निर्धारित किराया 15 प्रतिशत है। ऐसे में यात्री से दस रुपये लेकर टिकट नहीं दी जा रही है। ऐसे में परिचालक और यात्रियों के बीच असमंजस की स्थिति बनी रहती है। शहर में संचालन के लिए किराया दुरुस्त किया जाए।
रामनिवास खरकभूरा, जिला प्रेस प्रवक्ता, हरियाणा कर्मचारी महासंघ
ई-टिकटिंग मशीन तय किलोमीटर के अनुसार ही टिकट निकाल रही है। ई टिकटिंग मशीन में राउंड फिगर में किराया नहीं होने के चलते परिचालकों को परेशानी हो रही है। इस बारे में मुख्यालय को अवगत करवाया जा चुका है। जल्द ही ई-टिकटिंग मशीन में राउंड फिगर किराया हो जाएगा।
कमलजीत सिंह, महाप्रबंधक, रोडवेज डिपो जींद