फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दिल्ली के लिए अभी नहीं चलेगी बस, यात्रियों की सुविधा के लिए बहादुरगढ़ तीन की जगह छह बसें चलाईं

विज्ञापन
जींद बस स्टैंड पर खड़ी रोडवेज की बसें। - फोटो : Jind
विज्ञापन
दिल्ली जाने वाले यात्रियों को जींद से अभी सीधी बस सेवा के लिए और इंतजार करना पड़ेगा। वहीं राहत की बात यह है कि जींद डिपो ने बहादुरगढ़ तक की सेवा को बढ़ा दिया है। इससे लोग मेट्रो के जरिये आसानी से दिल्ली पहुंच सकेंगे।
विज्ञापन

दिल्ली जाने वाले यात्रियों को जींद डिपो ने थोड़ी राहत दी है। अभी जींद से दिल्ली के लिए सीधे कोई बस नहीं है, लेकिन बहादुरगढ़ से मेट्रो पकड़कर यात्री दिल्ली जा सकते हैं। बहादुरगढ़ के लिए जींद डिपो ने अब छह बस भेजनी शुरू कर दी हैं, जबकि पहले तीन बस बहादुरगढ़ के लिए चलती थीं। वहीं अभी जींद से गुरुग्राम के लिए भी चार बस चलती हैं। अभी दिल्ली के लिए जींद से बस चलने की अनुमति नहीं मिल पाई है। बहादुरगढ़ से मेट्रो पकड़कर यात्री दिल्ली पहुंच सकते हैं। ऐसेे में दिल्ली जाने वाले यात्रियों के लिए जींद से बहादुरगढ़ जाने वाली बसों की संख्या बढ़ाई गई है। पहले जींद से तीन बस बहादुरगढ़ जाती थी। अब इनकी संख्या बढ़ाकर छह कर दी गई है। जैसे ही दिल्ली के लिए बस चलाने के लिए कोई निर्देश प्राप्त होंगे, जींद से दिल्ली के लिए भी बसों का परिचालन शुरू कर दिया जाएगा।
किसान-आढ़ती आंदोलन से रोडवेज को ढाई लाख का नुकसान
कृषि विधेयक के विरोध में रविवार को किसानों द्वारा किए गए सड़क जाम के चलते रविवार को रोडवेज विभाग को अन्य दिनोें से कम राजस्व मिला। आमतौर पर जींद डिपो की 100 से अधिक बसें ऑन रूट रहती हैं। रविवार को किसानों द्वारा सुबह 11 बजे से लेकर दोपहर तीन बजे तक जाम लगाने के कारण रोडवेज बसों का परिचालन नहीं हो पाया था। रविवार को जींद डिपो की बस अन्य दिनों की अपेक्षा कम किलोमीटर तय कर पाईं जिससे डिपो की आमदनी घट गई। जींद डिपो की 100 से अधिक बसें हर रोज 28 हजार किलोमीटर से अधिक की दूरी तय करती हैं और राजस्व के रूप में लगभग साढ़े छह लाख रुपये जमा करती हैं। रविवार को जाम के कारण जींद डिपो की 60 से 70 बसें ही ऑन रूट हो पाईं। रविवार को राजस्व के रूप में चार लाख चार हजार रुपये की जमा हो पाए। रविवार को जाम के चलते जींद डिपो की सभी बसों का परिचालन नहीं होने के कारण अन्य दिनों की अपेक्षा ढाई लाख रुपये कम कमाई हुई। रविवार को जाम के चलते रोहतक, नरवाना व अंसध रूट की बसों का परिचालन सबसे ज्यादा प्रभावित रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें