फोटो 24जेएनडी10-शिव मंदिर में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़। स्रोत श्रद्धालु
उचाना। सावन माह के अंतिम सोमवार को प्राचीन शिव मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। सुबह से ही मंदिर परिसर में भगवान भोलेनाथ के दर्शन, जलाभिषेक एवं पूजा-अर्चना के लिए भक्तों का तांता लगा रहा।
श्रद्धालुओं ने श्रद्धाभाव से भगवान शिव का जलाभिषेक कर बेलपत्र, धतूरा, पुष्प एवं फल अर्पित किए और परिवार की सुख-समृद्धि, शांति एवं खुशहाली की कामना की। शिवभक्त मा. ब्रह्मदत्त, गोविंद गोपाल गौड़, राजू शर्मा, बल्ली शर्मा, बिंद्र मिस्त्री, सत्यम शिवम गौड़ अत्री, विक्की हलवाई ने मंदिर में पहुंचे श्रद्धालुओं को ठंडी खीर का प्रसाद वितरित किया। भक्तों ने श्रद्धापूर्वक प्रसाद ग्रहण किया और भगवान भोलेनाथ का आशीर्वाद लिया।
पुजारी राजू शर्मा ने सावन माह में सोमवार की पूजा के धार्मिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सावन भगवान शिव को अत्यंत प्रिय महीना माना जाता है। सावन के सोमवार को भगवान शिव का जलाभिषेक, रुद्राभिषेक एवं विधि-विधान से पूजन करने से मन को शांति मिलती है। श्रद्धालुओं की मनोकामनाएं पूर्ण होने की धार्मिक मान्यता है।
भगवान शिव की आराधना में श्रद्धा और भक्ति का विशेष महत्व है। सावन के अंतिम सोमवार को पूजा-अर्चना करने से भक्तों को आध्यात्मिक ऊर्जा प्राप्त होती है और परिवार में सुख-शांति एवं समृद्धि का वातावरण बना रहता है। मंदिर में दिनभर हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयकारे गूंजते रहे।