जींद। अध्यापक संघ कोर कमेटी की बुधवार को अक्षर भवन में जिला प्रधान साधुराम की अध्यक्षता में बैठक हुई।
साधुराम ने कहा की मौजूदा सरकार की कर्मचारी, मजदूर तथा किसान विरोधी नीतियों से पूरे प्रदेश में रोष है। इन्हीं नीतियों का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए प्रदेश का कर्मचारी विशेषकर शिक्षक वर्ग चार फरवरी को रोहतक में प्रस्तावित आक्रोश रैली में भाग लेगा। मौजूदा सरकार सार्वजनिक ढांचे के स्थान पर निजीकरण को बढ़ावा देते हुए प्रदेश के संसाधनों को उद्योगपतियों के हाथों में सौंप रही है। राज्य में नियमित भर्ती के स्थान पर हरियाणा कौशल रोजगार निगम के माध्यम से कच्ची भर्ती की जा रही है। इसमें कोई पारदर्शिता नहीं है। प्रदेश का कर्मचारी लंबे समय से कच्चे कर्मियों को पक्का करने तथा पुरानी पेंशन की बहाली की मांग कर रहा है, परंतु अभी तक इस बारे में सरकार ने कोई सकारात्मक पहल नहीं की है। सभी विभागों में हजारों पद पद रिक्त पड़े हैं, जिससे कर्मियों के ऊपर कई गुना काम का बोझ बढ़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते सरकार ने मांगों पर सकारात्मक दृष्टिकोण नहीं अपनाया तो 16 फरवरी को प्रदेश के सभी कर्मचारी एक दिवसीय हड़ताल करेंगे। इस अवसर पर जिला सचिव मामराज जांगड़ा, संजीव सिंगला, महेंद्र गौतम, रोहतास आसान, परमात्मा प्रसाद, हरिंदर मोर, रणधीर सिंह हैप्पी, सत्येंद्र कुमार मौजूद थे।