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Jind News: मरीजों का पता लगाकर टीबी का करेंगे खात्मा

Mon, 15 Jan 2024 12:03 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
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14जेएनडी05: नागरिक अस्पताल स्थित टीबी वार्ड का फोटो। फाइल फोटो।
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जींद। जिले को टीबी मुक्त करने के लिए स्वास्थ्य विभाग विशेष सर्वे कर 18 साल से ज्यादा आयु के लोगों की पहचान करेगा। इसमें उन लोगों का डाटा एकत्रित किया जाएगा, जो धूम्रपान करते हैं, परिवार में तीन वर्ष पहले किसी को टीबी हुई थी या फिर पांच वर्ष पहले व्यक्ति खुद इस बीमारी से संक्रमित हुआ था। इसके बाद इन लोगों की सहमति से ही इनको बीजीसी की वैक्सीन लगाई जाएगी, ताकि जिले में कोई व्यक्ति टीबी का मरीज न रहे।
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जिले को टीबी से मुक्त करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने कई प्रयास किए हैं। इसमें विभाग ने सामाजिक संगठनों, सरकारी विभागों के अधिकारी व कर्मचारियों के साथ मिलकर लगभग 700 टीबी के मरीजों को गोद दिलाने का काम किया, ताकि इन मरीजों को बेहतर खाद्य सामग्री मिले और यह जल्द ठीक हों। इसके अलावा विभाग का यह प्रयास अभी भी जारी है। जिले में बीते वर्ष में स्वास्थ्य विभाग को टीबी के लगभग 2800 मरीज मिले थे।
सरकार के टीबी फ्री अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग ने जींद में सर्वे शुरू कर दिया है। अभियान के तहत आशा वर्कर्स घर-घर जाकर टीबी मरीज की पहचान करेंगी। इसके बाद सर्वे रिपोर्ट तैयार होगी और फिर बीसीजी वैक्सीन लगाने का शेड्यूल तैयार किया जाएगा। सर्वे में दो सप्ताह का समय लगेगा। टीकाकरण को लेकर कर्मियों को स्पेशल ट्रेनिंग भी दी जाएगी। इसमें पहले तीन महीने में प्रत्येक माह एक-एक वैक्सीन लगाई जाएगी। इसके बाद हर तीसरे माह में एक वैक्सीन लगाई जाएगी। यह पूरी प्रक्रिया तीन साल में संपन्न होगी। जिन लोगों को यह वैक्सीन लगाई जाएगी, स्वास्थ्य विभाग उनकी निगरानी व स्टडी भी करेगा कि तीन साल में वैक्सीन का क्या परिणाम निकलता है। अगर परिणाम अच्छा रहा तो इस वैक्सीन को भविष्य में नियमित तौर पर लगाया जाएगा।
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2025 तक टीबीमुक्त बनाने का लक्ष्य

सरकार 2025 तक देश को टीबी से मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा है। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने पहल शुरू कर दी है। इसके लिए तीन सप्ताह में बीसीजी वैक्सीन लगाने का शेड्यूल तैयार कर दिया जाएगा। टीबी के मरीज को इलाज की पूरी अवधि के दौरान 500 रुपये प्रतिमाह पौष्टिक आहार भत्ता दिया जाता है। टीबी से ग्रसित मरीज को चाहिए कि अपने खानपान का विशेष ध्यान रखें, संतुलित आहार का सेवन करें। नियमित रूप से दवा लें, धूम्रपान व शराब का सेवन बंद करें। जो व्यक्ति इस बीमारी में धूम्रपान व नशे से दूर रहकर उचित आहार व समय पर दवाई लेता है वह जल्द ही ठीक हो जाता है। -डॉ. संदीप लोहान जिला क्षय रोग अधिकारी जींद।

14जेएनडी05: नागरिक अस्पताल स्थित टीबी वार्ड का फोटो। फाइल फोटो।

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