गांव कैरखेड़ी में संदिग्ध बीमारी का कहर रुकने का नाम नहीं ले रहा है। वीरवार रात को संदिग्ध बीमारी की चपेट में आई एक महिला का निजी अस्पताल में मौत हो गई। जबकि इससे पहले एक महिला की मौत हो चुकी है, जबकि दो परिवार के नौ लोग बीमार हो गए थे, लेकिन उपचार के बाद उनके स्वास्थ्य में सुधार हो गया था। ग्रामीणों के अनुसार सूरजभान की पत्नी मायादेवी वीरवार को उल्टी व दस्त व सिर चकराने की समस्या हुई। इसके बाद परिजन उसे भिवानी के एक निजी अस्पताल में ले गए, जहां पर उसकी उपचार के दौरान मौत हो गई। पिछले एक सप्ताह में दो महिलाओं की मौत के बाद ग्रामीणों में डर का माहौल है।
गांव में बीमारी फैलने के बाद स्वास्थ्य विभाग व जनस्वास्थ्य विभाग हरकत में आ गया था। जहां पर स्वास्थ्य विभाग ने दावा किया था कि पेयजल और सफाई न होने के चलते लोग उल्टी, दस्ती व सिर में चक्कर आने की दिक्कत आ रही है। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के आधार पर जन स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया और गांव में सर्वे करके पांच जगह पर पेयजल सप्लाई में लीकेज पाई गई थी। ग्रामीणों ने कहा कि सूरजभान का गरीब परिवार है और माया देवी भी परिवार के कमाने वालों में शामिल थी। इसलिए इस परिवार को आर्थिक सहायता दी जाए।
आर्थिक सहायता दी जाए
गांव में संदिग्ध बीमारी का प्रकोप कम हुआ है। जन स्वास्थ्य विभाग ने पेयजल लाइन की लीकेज को बंद दिया था। स्वास्थ्य विभाग की टीम के जागरूकता अभियान के बाद बीमार होने वाले लोगों की संख्या में कमी आई है। लेकिन वीरवार को संदिग्ध बीमारी की चपेट में आई महिला माया देवी की भिवानी के निजी अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हुई है। महिला का परिवार गरीब है, इसलिए प्रशासन इनको आर्थिक सहायता दे।
राजेंद्र सिंह, सरपंच कैरखेड़ी