10जेएनडी13 : विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए वैज्ञानिक डॉ. बृजमोहन लुबास। स्रोत संस्थान।
नरवाना। राजकीय महाविद्यालय के रसायन शास्त्र विभाग की तरफ से सोमवार को विज्ञान व मानविकी विषय पर एक विस्तार व्याख्यान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता पुर्तगाल विश्वविद्यालय के प्रोफेसर एवं युवा वैज्ञानिक डॉ. बृजमोहन लुबास रहे।
उन्होंने वर्ष 2003 से 2006 तक इसी कॉलेज से बीएससी की पढ़ाई प्रो. जयपाल सिंह के मार्गदर्शन में पूरी की थी। कार्यक्रम का शुभारंभ फूलदान भेंट कर किया गया। प्रो. बृजमोहन ने धातु-कार्बन मिश्रण से उत्प्रेरक निर्माण, सूक्ष्म कण स्थानांतरण, जल व ऊर्जा संरक्षण जैसे विषयों पर विस्तृत जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि विज्ञान और धर्म एक ही सिक्के के दो पहलू हैं, क्योंकि विज्ञान जीवन को सरल बनाता है और धर्म उसका नैतिक दिशा-निर्देशक है। उन्होंने विद्यार्थियों को विज्ञान क्षेत्र में रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसरों से अवगत कराते हुए कहा कि कृषि व तकनीकी नवाचारों में युवा नई दिशा पा सकते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी को हर वर्ष दो पौधे लगाने चाहिए। प्राचार्य डॉ. मीनू सिंह ने कहा कि भारतीय संस्कृति में विज्ञान जीवन का अभिन्न अंग है। वहीं प्रो. जयपाल सिंह आर्य ने प्राचीन भारतीय वैज्ञानिकों आर्यभट्ट, नागार्जुन, भास्कराचार्य, पाणिनि आदि के योगदान का उल्लेख किया। कार्यक्रम का संचालन राजेश श्योकंद ने किया। इस अवसर पर मुकेश कुमारी, कनिका, सुमन, पूजा और सतीश मौजूद रहे।