जींद। बीबीपुर गांव से शुरू हुई पहल आज पूरे देश में ग्रामीण सशक्तीकरण की मजबूत आवाज बन चुकी है। पूर्व सरपंच सुनील जागलान द्वारा 14 फरवरी 2016 को स्थापित ‘सरपंच गाइडेंस एंड काउंसिलिंग सेंटर’ 10 वर्षों से देशभर के निर्वाचित पंचायत प्रतिनिधियों को निःशुल्क मार्गदर्शन प्रदान कर रहा है।
ऑनलाइन और ऑफलाइन संचालित केंद्र से अब तक 70 हजार से अधिक सरपंच, प्रधान, मुखिया, पंच और जिला परिषद सदस्य लाभान्वित हो चुके हैं। जम्मू-कश्मीर से लेकर तमिलनाडु तक विभिन्न राज्यों के जनप्रतिनिधि यहां अपनी प्रशासनिक, कानूनी और विकास संबंधी समस्याओं का समाधान प्राप्त कर रहे हैं। यह केंद्र पंचायती राज व्यवस्था को जमीनी स्तर पर मजबूत करने और पंचायतों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
सुनील जागलान ने वर्ष 2010 से 2015 तक सरपंच रहते हुए उन्हें प्रशासनिक दबाव, शिकायतों और जांचों का सामना करना पड़ा लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। अपने अनुभवों को दूसरों की मदद का माध्यम बनाते हुए उन्होंने इस केंद्र की स्थापना की, ताकि कोई भी जनप्रतिनिधि मार्गदर्शन के अभाव में परेशान न हो। उनका उद्देश्य पंचायतों को संवैधानिक अधिकार दिलाना और नेतृत्व क्षमता को मजबूत करना है।